बारां। जिला अस्पताल परिसर में सोमवार दोपहर धूप में खड़ी एक बाइक में अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की तेज लपटें उठते ही अस्पताल परिसर में मौजूद मरीज, तीमारदार और कर्मचारी घबरा गए। मौके पर मौजूद लोगों और अस्पताल कर्मचारियों ने फायर एक्सटिंग्विशर की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। सूचना पर नगरपरिषद की दमकल भी पहुंची, लेकिन तब तक बाइक पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी।
घटना ओपीडी ब्लॉक के बाहर जनरेटर सेट के समीप हुई। प्रारंभिक तौर पर बाइक में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई जा रही है। बाइक में सेंसर लगे हुए थे। आग की गर्मी से पास में खड़ी दो कारों के पिछले हिस्से की प्लास्टिक भी पिघल गई। गनीमत रही कि समय रहते आग पर काबू पा लिया गया, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। आसपास कई अन्य वाहन भी खड़े थे, जिनमें कुछ सीएनजी वाहन भी शामिल थे।
भाई-बहन ने भागकर बचाई जान
निकटवर्ती सीमली गांव निवासी बद्रीलाल गौड़ ने बताया कि वह बेटी दिव्या को बुखार होने पर उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर आए थे। उनके साथ पुत्र मनोज भी था। चिकित्सक को दिखाने के बाद वह किसी काम से जूस की दुकान पर चले गए। इसी दौरान मनोज बाइक स्टार्ट करने लगा। दो-तीन बार प्रयास करने पर टंकी के नीचे आग दिखाई दी। आग लगते ही मनोज और उसकी बहन दिव्या घबरा गए और तुरंत दूर भागकर अपनी जान बचाई।
मनोज ने बताया कि उसने आसपास से धूल-मिट्टी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया। पास स्थित पीडब्ल्यूडी चौकी कर्मचारियों ने भी पानी के कैंपर डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग तेजी से फैल गई और बाइक आग का गोला बन गई। दिव्या ने बताया कि दमकल देरी से पहुंची और फायर एक्सटिंग्विशर से भी काफी देर बाद आग पर काबू पाया जा सका।
कुछ देर थमी आवाजाही, लोग बनाते रहे वीडियो
दोपहर के समय तेज गर्मी के बीच अस्पताल परिसर में काफी भीड़ थी। जिस स्थान पर घटना हुई वहां से मरीजों और तीमारदारों की जांच केन्द्र, ब्लड बैंक, सोनोग्राफी, इमरजेंसी और एमसीएच विंग के लिए लगातार आवाजाही बनी रहती है। हादसे के दौरान लोग स्थिति से अनजान होकर इधर-उधर गुजरते रहे।
मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित किया। बाइक में लगी आग की लपटों से दोनों तरफ की आवाजाही कुछ देर के लिए थम गई। वहीं कई युवक मौके पर वीडियो बनाने में जुट गए। पास में खड़ी एक वैन के पिछले हिस्से को भी नुकसान पहुंचा, जबकि एक अन्य कार का पिछला हिस्सा झुलस गया। हालांकि सतर्कता के चलते बड़ा हादसा टल गया।


