चित्तौड़गढ़ जिले में पिछले 24 घंटे के दौरान हुई अच्छी बारिश ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है। शहर में बुधवार रात से गुरुवार अलसुबह तक रुक-रुक कर रिमझिम बारिश होती रही। गुरुवार सुबह 9 बजे से धूप जरूर निकली, लेकिन हवा में ठंडक बनी रही और मौसम काफी सुहावना रहा। जिले में अब तक सिर्फ 465.42 एमएम बारिश दर्ज की जा चुकी है, जो इस सीजन की एवरेज बारिश का 62.06 प्रतिशत है। दो दिन हुई अच्छी बारिश से लोगों को उमस भरी गर्मी से भी थोड़ी राहत मिली है। भदेसर में सबसे ज्यादा बारिश, कई इलाकों में अच्छी बरसात पिछले 24 घंटे में जिले में सबसे ज्यादा 76 एमएम बारिश भदेसर में दर्ज की गई। इसके बाद कपासन में 66 एमएम, डूंगला में 44 एमएम, भोपालसागर में 39 एमएम, बेगूं में 35 एमएम, गंगरार में 23 एमएम, चित्तौड़गढ़ शहर में 19 एमएम, राशमी में 17 एमएम, रावतभाटा में 14 एमएम, बड़ीसादड़ी और बस्सी में 11-11 एमएम तथा निंबाहेड़ा में 8 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई। जिले के अधिकांश हिस्सों में हुई इस बारिश से खेतों में पानी पहुंचा है और खरीफ फसलों को भी फायदा मिलने की उम्मीद है। डेमों में बढ़ी पानी की आवक, आगे बारिश कम होने के संकेत बारिश का असर जिले के डेमों में भी देखने को मिला है। गंभीरी डेम पर 5 एमएम, वागन डेम पर 45 एमएम, बस्सी डेम पर 29 एमएम, ओराई डेम पर 29 एमएम, बड़गांव डेम पर 64 एमएम, भोपालसागर डेम पर 41 एमएम, कपासन डेम पर 70 एमएम, संदेसर डेम पर 20 एमएम और मातृकुंडिया डेम पर 11 एमएम बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार 13 अगस्त को उदयपुर संभाग के कुछ इलाकों में कहीं-कहीं मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। चित्तौड़गढ़ के लिए अलग से कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है, लेकिन आसपास के जिलों में होने वाली बारिश का असर यहां भी देखने को मिल सकता है। वहीं विभाग का कहना है कि 14 अगस्त से बारिश की गतिविधियां धीरे-धीरे कम होने लगेंगी। 15 अगस्त को राज्य के उत्तरी और उत्तर-पूर्वी हिस्सों को छोड़कर अधिकांश इलाकों में बारिश कम रहने की संभावना है। ऐसे में फिलहाल जिले में मौसम सुहावना बना रहेगा, लेकिन आने वाले दिनों में बारिश का दौर कमजोर पड़ सकता है।


