मोहाली में जर्मनी भेजने का झांसा देकर लाखों रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में एक महिला एजेंट सहित तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। आरोप है कि आरोपियों ने पीड़ित से पैसे ऐंठ लिए, लेकिन न तो वीजा लगवाया और न ही उसका पासपोर्ट लौटाया। बनूड़ निवासी शिकायतकर्ता गगनदीप सिंह ने पुलिस को बताया कि उसने जर्मनी जाने के लिए जीरकपुर स्थित ग्रीन लोटस सक्षम अपार्टमेंट की निवासी परमिंदर कौर के माध्यम से फाइल लगाई थी। आरोपी ने कुल 17 लाख रुपए का खर्च बताया और 8 लाख रुपए एडवांस मांगे थे। पीड़ित ने अलग-अलग किस्तों पर दिए पैसे गगनदीप सिंह के अनुसार, भरोसा दिलाने के बाद परमिंदर कौर ने उनसे अलग-अलग किस्तों में पैसे लिए। पीड़ित ने लगभग 5 लाख रुपए के लेन-देन के सबूत भी पुलिस को सौंपे हैं। पीड़ित ने बताया कि आरोपी ने उन्हें जुलाई 2024 में फ्लाइट की तारीख भी दे दी थी और तैयारी करने को कहा था। हालांकि, बाद में आरोपी ने उनसे संपर्क तोड़ लिया और उनके मोबाइल नंबर ब्लॉक कर दिए। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी परमिंदर कौर ने पीड़ित का पासपोर्ट अपने पास ही रख लिया था और उसे वापस नहीं किया। इस मामले की जांच एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) द्वारा की गई। AHTU की जांच रिपोर्ट में सामने आया कि आरोपी महिला अपने घर से ही लोगों को विदेश भेजने के नाम पर ठगी करती थी। उसके पास कोई अधिकृत इमिग्रेशन दफ्तर नहीं था। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज जांच रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने परमिंदर कौर के खिलाफ थाना जीरकपुर में भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 406 (आपराधिक विश्वासघात), 420 (धोखाधड़ी) और इमिग्रेशन एक्ट की धारा 24 के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने बताया कि इस मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और सभी दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


