औरंगाबाद के मदनपुर थाना क्षेत्र में सड़क हादसे में एक महिला की मौत हो गई है। शैलूपुर गांव के पास सड़क पर बने गड्ढे में बाइक के बेकाबू हो गई। इससे गिरकर एक महिला की मौत हो गई। मृतक महिला की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के पोईवां गांव निवासी जितेंद्र राम की 37 साल की पत्नी संगीता देवी के रूप में की गई है। संगीता देवी मदनपुर प्रखंड के मंजखड़ गांव स्थित अपने नंदोशी के घर शादी समारोह में शामिल होने गई थीं। परिवार में खुशी का माहौल था, लेकिन किसी को अंदेशा नहीं था कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा। रिश्तेदार के साथ बाइक से अपने घर लौट रही थीं महिला बताया जाता है कि रविवार की दोपहर वह एक रिश्तेदार के साथ बाइक से अपने घर लौट रही थीं। जैसे ही बाइक शैलूपुर गांव के पास पहुंची, सड़क पर बने एक बड़े गड्ढे में बाइक का संतुलन बिगड़ गया और गाड़ी अनियंत्रित होकर गिर पड़ा। हादसे में संगीता देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि बाइक चला रहा व्यक्ति भी चोटिल हुआ। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद करते हुए संगीता को इलाज के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की पुष्टि होते ही परिजनों में चीख-पुकार मच गई। सदर अस्पताल का माहौल गमगीन हो गया और वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। मृतका के पति अवधेश राम, जो पेशे से राजमिस्त्री हैं, पत्नी की मौत से पूरी तरह टूट चुके हैं। रोते-बिलखते उन्होंने कहा कि अब उनके छोटे-छोटे बच्चों की परवरिश कैसे होगी। संगीता देवी अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गई हैं। बेटों की उम्र क्रमशः 17 और 15 साल है, जबकि बेटी महज 8 साल की है। परिवार के सामने अब जीवनयापन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।परिजनों और ग्रामीणों ने इस घटना के लिए खराब सड़क व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि सरकार की ओर से अच्छी सड़कों के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। यदि सड़क पर गड्ढे नहीं होते, तो शायद आज संगीता देवी जीवित होतीं फिलहाल पुलिस ने मामले की जानकारी लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। यह घटना एक बार फिर खराब सड़क व्यवस्था और लापरवाही की गंभीर तस्वीर पेश करती है, जिस पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है। औरंगाबाद के मदनपुर थाना क्षेत्र में सड़क हादसे में एक महिला की मौत हो गई है। शैलूपुर गांव के पास सड़क पर बने गड्ढे में बाइक के बेकाबू हो गई। इससे गिरकर एक महिला की मौत हो गई। मृतक महिला की पहचान मुफस्सिल थाना क्षेत्र के पोईवां गांव निवासी जितेंद्र राम की 37 साल की पत्नी संगीता देवी के रूप में की गई है। संगीता देवी मदनपुर प्रखंड के मंजखड़ गांव स्थित अपने नंदोशी के घर शादी समारोह में शामिल होने गई थीं। परिवार में खुशी का माहौल था, लेकिन किसी को अंदेशा नहीं था कि यह सफर उनकी जिंदगी का आखिरी सफर बन जाएगा। रिश्तेदार के साथ बाइक से अपने घर लौट रही थीं महिला बताया जाता है कि रविवार की दोपहर वह एक रिश्तेदार के साथ बाइक से अपने घर लौट रही थीं। जैसे ही बाइक शैलूपुर गांव के पास पहुंची, सड़क पर बने एक बड़े गड्ढे में बाइक का संतुलन बिगड़ गया और गाड़ी अनियंत्रित होकर गिर पड़ा। हादसे में संगीता देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जबकि बाइक चला रहा व्यक्ति भी चोटिल हुआ। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद करते हुए संगीता को इलाज के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की पुष्टि होते ही परिजनों में चीख-पुकार मच गई। सदर अस्पताल का माहौल गमगीन हो गया और वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। मृतका के पति अवधेश राम, जो पेशे से राजमिस्त्री हैं, पत्नी की मौत से पूरी तरह टूट चुके हैं। रोते-बिलखते उन्होंने कहा कि अब उनके छोटे-छोटे बच्चों की परवरिश कैसे होगी। संगीता देवी अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गई हैं। बेटों की उम्र क्रमशः 17 और 15 साल है, जबकि बेटी महज 8 साल की है। परिवार के सामने अब जीवनयापन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।परिजनों और ग्रामीणों ने इस घटना के लिए खराब सड़क व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि सरकार की ओर से अच्छी सड़कों के दावे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है। यदि सड़क पर गड्ढे नहीं होते, तो शायद आज संगीता देवी जीवित होतीं फिलहाल पुलिस ने मामले की जानकारी लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। यह घटना एक बार फिर खराब सड़क व्यवस्था और लापरवाही की गंभीर तस्वीर पेश करती है, जिस पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।


