दिल्ली के द्वारका इलाके से एक बड़ी खबर सामने आई है, जहां पुलिस और विकास गुलिया उर्फ लगरपुरिया गैंग के बदमाशों के बीच मुठभेड़ के बाद दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई द्वारका के श्याम विहार इलाके में हुई, जहां पुलिस ने सूझबूझ के साथ ऑपरेशन को अंजाम दिया।
मुठभेड़ में एक बदमाश को लगी गोली
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि लगरपुरिया गैंग के दो शूटर इलाके में आने वाले हैं और किसी बड़ी वारदात की योजना बना रहे हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही दोनों बदमाश मौके पर पहुंचे, पुलिस ने उन्हें सरेंडर करने के लिए कहा। लेकिन बदमाशों ने आत्मसमर्पण करने के बजाय पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोली चलाई, जिसमें एक बदमाश के पैर में गोली लग गई। इसके बाद दोनों को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
हाल ही में फायरिंग की घटना में थे शामिल
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी हाल ही में द्वारका इलाके में हुई गोलीबारी की घटना में शामिल थे। फिलहाल पुलिस उनसे पूछताछ कर रही है और उनके नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है।
ऑपरेशन लंगड़ा के तहत बड़ी कार्रवाई
यह पूरी कार्रवाई डीसीपी कुशल पाल सिंह के ऑपरेशन लंगड़ा के तहत की गई है। इस ऑपरेशन का उद्देश्य राजधानी में बढ़ती गैंगवार और टारगेट किलिंग जैसी घटनाओं पर रोक लगाना है। मुठभेड़ में घायल बदमाश को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
कौन है लगरपुरिया गैंग का सरगना?
लगारपुरिया गैंग का सरगना विकास गुलिया हरियाणा के झज्जर-बहादुरगढ़ क्षेत्र का कुख्यात अपराधी है। वह गुरुग्राम में 30 करोड़ रुपये की बड़ी लूट का मास्टरमाइंड रह चुका है। दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और पंजाब में उसके खिलाफ हत्या, लूट, फिरौती और गैंगवार के कई मामले दर्ज हैं। साल 2022 में उसे दुबई से डिपोर्ट कर भारत लाया गया था। हाल ही में दिल्ली की एक अदालत ने उसे और उसके साथी को मकोका के तहत उम्रकैद की सजा सुनाई है।
अभी भी एक्टिव है गैंग
हालांकि सरगना जेल में है, लेकिन उसके गैंग के शूटर अब भी सक्रिय हैं। पुलिस लगातार ऐसे अपराधियों पर नजर बनाए हुए है और समय-समय पर कार्रवाई कर रही है। पिछले साल भी क्राइम ब्रांच ने इस गैंग के कई शूटरों को गिरफ्तार किया था।


