जमुई के झाझा में 5.75 करोड़ रुपए की लागत से बने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के नए भवन की निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठ गए हैं। उद्घाटन के महज चार महीने बाद ही अस्पताल के विजन सेंटर की छत से पानी रिसने लगा है। यह रिसाव उसी कमरे में हो रहा है जहां मरीजों की आंखों की जांच की जाती है। जांच के दौरान मरीजों के बैठने वाली जगह के आसपास पानी टपकने से स्वास्थ्यकर्मियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पानी के कारण दीवारें भी नमी से प्रभावित हो रही हैं। भवन पर करीब 5.75 करोड़ हुए थे खर्च झाझा में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की लंबे समय से मांग थी, जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की पहल पर इस नए CHC भवन का निर्माण कराया गया। जी-1 मॉडल पर बने इस भवन पर करीब 5 करोड़ 75 लाख रुपये खर्च हुए हैं। निर्माण कार्य बीएमएसआईसीएल की देखरेख में पूरा किया गया था। भवन का शिलान्यास 22 फरवरी 2025 को विधायक दामोदर रावत ने किया था। निर्माण पूरा होने के बाद 18 मार्च 2026 को तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जमुई में समृद्धि यात्रा के दौरान इसका उद्घाटन किया। इसके बाद 23 मार्च को विधायक दामोदर रावत ने भी भवन का उद्घाटन किया था। भवन के एक हिस्से में पानी रिसने लगी नए भवन की सुविधाओं और बेहतर ढांचे को देखकर स्थानीय लोगों को उम्मीद थी कि अब झाझा और आसपास के ग्रामीण इलाकों के मरीजों को बेहतर इलाज के लिए दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। हालांकि, कुछ ही महीनों में भवन के एक हिस्से में पानी रिसने की समस्या सामने आने से ये उम्मीदें धूमिल होती दिख रही हैं। असिस्टेंट अमित कुमार सिन्हा ने बताया कि मरीजों की आंखों की जांच के दौरान जिस स्थान पर उन्हें बैठाया जाता है, उसी के आसपास छत से पानी टपकता है, जिससे जांच करने में कठिनाई होती है। लोगों ने मांग की है कि सिर्फ रिसाव वाले हिस्से की मरम्मत के बजाय पूरे भवन की तकनीकी जांच कराई जाए। बीते 16 अगस्त को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार के झाझा आगमन को लेकर अस्पताल में साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराया गया था। इसके बावजूद विजन सेंटर की छत से पानी रिसने की समस्या बनी रही। इससे अस्पताल भवन के नियमित निरीक्षण को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। विजन सेंटर के ऊपर लेबर रूम का है बाथरूम सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. नवाब ने बताया कि विजन सेंटर के ऊपर लेबर रूम का बाथरूम है। इसी कारण नीचे बने विजन सेंटर में पानी का रिसाव हो रहा है। उन्होंने बताया कि मामले की जानकारी बीएमएसआईसीएल को पत्र के माध्यम से दी गई है और समस्या को ठीक कराने के लिए कहा गया है। वहीं, बीएमएसआईसीएल के जेई मिथलेश कुमार ने बताया कि उन्हें इस समस्या की जानकारी नहीं थी। जानकारी मिलने के बाद मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी खामी होगी, उसे दूर कराया जाएगा। जमुई के झाझा में 5.75 करोड़ रुपए की लागत से बने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के नए भवन की निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठ गए हैं। उद्घाटन के महज चार महीने बाद ही अस्पताल के विजन सेंटर की छत से पानी रिसने लगा है। यह रिसाव उसी कमरे में हो रहा है जहां मरीजों की आंखों की जांच की जाती है। जांच के दौरान मरीजों के बैठने वाली जगह के आसपास पानी टपकने से स्वास्थ्यकर्मियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पानी के कारण दीवारें भी नमी से प्रभावित हो रही हैं। भवन पर करीब 5.75 करोड़ हुए थे खर्च झाझा में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की लंबे समय से मांग थी, जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की पहल पर इस नए CHC भवन का निर्माण कराया गया। जी-1 मॉडल पर बने इस भवन पर करीब 5 करोड़ 75 लाख रुपये खर्च हुए हैं। निर्माण कार्य बीएमएसआईसीएल की देखरेख में पूरा किया गया था। भवन का शिलान्यास 22 फरवरी 2025 को विधायक दामोदर रावत ने किया था। निर्माण पूरा होने के बाद 18 मार्च 2026 को तत्कालीन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जमुई में समृद्धि यात्रा के दौरान इसका उद्घाटन किया। इसके बाद 23 मार्च को विधायक दामोदर रावत ने भी भवन का उद्घाटन किया था। भवन के एक हिस्से में पानी रिसने लगी नए भवन की सुविधाओं और बेहतर ढांचे को देखकर स्थानीय लोगों को उम्मीद थी कि अब झाझा और आसपास के ग्रामीण इलाकों के मरीजों को बेहतर इलाज के लिए दूसरे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। हालांकि, कुछ ही महीनों में भवन के एक हिस्से में पानी रिसने की समस्या सामने आने से ये उम्मीदें धूमिल होती दिख रही हैं। असिस्टेंट अमित कुमार सिन्हा ने बताया कि मरीजों की आंखों की जांच के दौरान जिस स्थान पर उन्हें बैठाया जाता है, उसी के आसपास छत से पानी टपकता है, जिससे जांच करने में कठिनाई होती है। लोगों ने मांग की है कि सिर्फ रिसाव वाले हिस्से की मरम्मत के बजाय पूरे भवन की तकनीकी जांच कराई जाए। बीते 16 अगस्त को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार के झाझा आगमन को लेकर अस्पताल में साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराया गया था। इसके बावजूद विजन सेंटर की छत से पानी रिसने की समस्या बनी रही। इससे अस्पताल भवन के नियमित निरीक्षण को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। विजन सेंटर के ऊपर लेबर रूम का है बाथरूम सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. नवाब ने बताया कि विजन सेंटर के ऊपर लेबर रूम का बाथरूम है। इसी कारण नीचे बने विजन सेंटर में पानी का रिसाव हो रहा है। उन्होंने बताया कि मामले की जानकारी बीएमएसआईसीएल को पत्र के माध्यम से दी गई है और समस्या को ठीक कराने के लिए कहा गया है। वहीं, बीएमएसआईसीएल के जेई मिथलेश कुमार ने बताया कि उन्हें इस समस्या की जानकारी नहीं थी। जानकारी मिलने के बाद मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी खामी होगी, उसे दूर कराया जाएगा।

