मेरठ में जनगणना 2027 की तैयारियां तेज हो गई हैं। जिलाधिकारी डॉ. वी. के. सिंह की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें सभी विभागों को अपने कर्मचारियों की सूची तत्काल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में बताया गया कि जनगणना का पहला चरण (मकान सूचीकरण और मकानों की गणना) 22 मई से 20 जून 20026 तक चलेगा। स्वगणना (Self Enumeration) 7 मई से 21 मई 2026 तक होगी। दूसरा चरण (जनसंख्या गणना) 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक आयोजित किया जाएगा। जिलाधिकारी ने जानकारी दी कि इस बार जनगणना पूरी तरह से डिजिटल माध्यम से कराई जाएगी। नागरिकों को पहली बार स्वगणना का विकल्प भी मिलेगा, जिससे वे स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। जनगणना के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम भी शुरू हो गया है। 120 फील्ड ट्रेनरों का प्रशिक्षण पूरा हो चुका है। ये ट्रेनर 16 अप्रैल से 25 अप्रैल 2026 तक कुल 7,516 प्रगणकों और पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षित करेंगे। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनगणना कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उल्लंघन करने पर जनगणना अधिनियम, 1948 की धारा 11 के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि जनपद का कोई भी क्षेत्र मकान गणना से वंचित न रहे। बैठक में जिला जनगणना अधिकारी/अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), नगर जनगणना अधिकारी/अपर नगर आयुक्त, जनपद के समस्त अपर जिलाधिकारी, उप जनगणना अधिकारी, जिला स्तरीय अधिकारीगण और जनगणना निदेशालय के अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को जनगणना से संबंधित समस्त तैयारियाँ समयबद्ध रूप से पूरी करने के निर्देश दिए।


