उमरिया जिले के पाली विकासखंड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खिचकिड़ी के विद्यार्थियों ने स्कूल प्रबंधन पर मनमानी और लापरवाही के आरोप लगाए हैं। विद्यार्थियों का कहना है कि दो साल से फीस जमा करने के बाद भी उन्हें रसीद नहीं दी जा रही है। पात्र होने के बावजूद संबल योजना का लाभ भी नहीं मिल रहा। मंगलवार को विद्यार्थी अपनी शिकायत लेकर जिला मुख्यालय में कलेक्ट्रेट की जनसुनवाई में पहुंचे। दो बसें बदलकर पहुंचे कलेक्ट्रेट विद्यार्थियों का गांव जिला मुख्यालय से करीब 70 किलोमीटर दूर है। वे दो बसें बदलकर जनसुनवाई में पहुंचे और प्राचार्य के खिलाफ जांच कर कार्रवाई की मांग की। शिकायत सुनने के बाद सहायक आयुक्त, जनजातीय कार्य विभाग पूजा द्विवेदी ने विद्यार्थियों से पढ़ाई पर ध्यान देने को कहा। उन्होंने मौके से ही प्राचार्य को फोन कर समस्याओं का निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के साथ लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्राचार्य पर लगे आरोपों की जांच शुरू कर दी गई है। खेल सामग्री होने के बाद भी इस्तेमाल नहीं शिकायत करने पहुंचे छात्र संजय ने बताया कि दो साल से फीस जमा करने के बाद भी विद्यार्थियों को रसीद नहीं दी जा रही है। पात्र विद्यार्थियों को संबल योजना का लाभ भी नहीं मिल रहा। संजय के मुताबिक, स्कूल में खेलकूद की सामग्री उपलब्ध है, लेकिन बच्चों को उसका इस्तेमाल नहीं करने दिया जाता। विद्यार्थियों ने अपनी समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग की है।

