Morning Water Tips: हम बचपन से सुनते आ रहे हैं कि सुबह उठते ही ढेर सारा पानी पीना स्वास्थ्य के लिए वरदान है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि गलत तरीके से और बहुत तेजी से पानी पीना आपकी सेहत को सुधारने के बजाय बिगाड़ सकता है? हाल ही में फिटनेस कोच प्रियंक मेहता ने चेतावनी दी है कि सुबह उठते ही एक बड़ी बोतल पानी पीना आपके नर्वस सिस्टम को शॉक दे सकता है।
आइए डॉक्टर मनोज जांगिड़ ( होम्योपैथिक चिकित्सक) से जानते हैं सुबह उठकर पानी पीने को लेकर आपके मन में उठने वाले सभी सवालों के बारे में? सुबह उठकर कितना पानी पीना चाहिए? पानी में क्या डालकर पीना चाहिए? पानी की मात्रा कितनी निर्धारित होनी चाहिए?
सुबह उठकर ज्यादा पानी क्यों नहीं पीना चाहिए?
फिटनेस कोच प्रियंक मेहता के अनुसार, जब हम सोकर उठते हैं तो हमारा शरीर अलर्ट मोड में होता है, सुबह जागने के 30 से 35 मिनट तक कोर्टिसोल (Cortisol) हार्मोन सक्रिय रहता है। जब हम खाली पेट बहुत सारा पानी पी लेते हैं तो हमारा पेट तेजी से फैलने लगता है, जब पेट फैलता है तो हमारे नर्वस सिस्टम को तेजी से सिग्नल मिलते है इसके कारण हमारा दिमाग ओवर अलर्ट मोड और चला जाता है, यही कारण है की सुबह उठकर खाली पेट पानी पीने से हमारा शरीर में तनाव का स्तर बढ़ जाता है।
सुबह उठकर पानी पीने का सही तरीका क्या है?
- घूंट-घूंट करके पिएं (Sip Slowly)।
- सुबह बहुत ठंडा (Ice Cold) पानी पीने से बचें।
- शरीर को जागने के लिए झटके (Shock) न दें।
- पानी पीने के साथ गहरी सांसे लें।
डॉक्टर से जानें सुबह पानी पीने को लेकर उठने वाले सवालों के जवाब-
Q1. सुबह सोकर उठने के बाद एक बार में कितना पानी पीना सही है?
सुबह उठते ही 1-2 लीटर पानी पीने की जगह शरीर को हाइड्रेट करने के लिए 200ml से 300ml (लगभग एक गिलास) पानी पर्याप्त है। इसे भी एक साथ गटकने के बजाय घूंट-घूंट करके पीना चाहिए ताकि हमारी लार पानी के साथ मिलकर हमारे में जाएं।
Q2. पानी की सही मात्रा कैसे निर्धारित करें?
पानी की मात्रा व्यक्ति के वजन, उसकी फिजिकल एक्टिविटी और मौसम पर निर्भर करती है। इसका सबसे आसान पैमाना है आपके पेशाब का रंग। अगर वह गहरा पीला है, तो आपको हाइड्रेशन की जरूरत है। सुबह एक गिलास से शुरुआत करें और फिर पूरे दिन में थोड़ा-थोड़ा करके 2-3 लीटर पानी पिएं।
Q3. क्या तांबे के बर्तन का पानी सुबह पीना फायदेमंद है?
आयुर्वेद और विज्ञान दोनों मानते हैं कि रात भर तांबे के बर्तन में रखा पानी पीने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और पाचन सुधरता है। लेकिन ध्यान रहे कि वह पानी कम से कम 8 घंटे तक उस बर्तन में रखा गया हो।
Q4 . क्या सुबह पानी पीने के तुरंत बाद चाय या कॉफी पी सकते हैं?
नहीं, पानी और कैफीन के बीच कम से कम 20-30 मिनट का अंतर होना चाहिए ताकि पेट का लाइनिंग प्रभावित न हो।
Q5. पानी खड़े होकर पीना चाहिए या बैठकर?
पानी को खड़े होकर पीने की जगह बैठकर पीने को बेहतर माना जाता है क्योंकि इससे किडनी और नर्वस सिस्टम पर दबाव कम पड़ता है।
Q6. पानी में क्या डालकर कभी नहीं पीना चाहिए?
खाली पेट बहुत अधिक सोडा या पैकेट बंद जूस वाला पानी पीने से इन्सुलिन स्पाइक हो सकता है और मेटाबॉलिज्म बिगड़ सकता है। इसके अलावा, बिना जानकारी के बहुत अधिक मात्रा में कच्चे मसाले (जैसे जरूरत से ज्यादा दालचीनी या सोंठ) डालने से भी पेट में जलन हो सकती है। इसके अलावा अगर आपको एसिडिटी की समस्या रहती है तो पानी में नींबू और शहद डालकर पीने से भी बचना चाहिए।
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।


