अयोध्या जिले के मिल्कीपुर ब्लॉक मुख्यालय पर हजारों लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। भीषण गर्मी के बावजूद, दूर-दराज के गांवों से आने वाले ग्रामीण और फरियादी यहां घंटों रुकने के बावजूद पीने के पानी के लिए परेशान हैं। यह स्थिति प्रशासनिक लापरवाही को उजागर करती है। ब्लॉक परिसर में केवल एक हैंडपंप है, जो कार्यालय से कुछ दूरी पर स्थित है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस हैंडपंप का पानी दूषित है और पीने योग्य नहीं है। इसके अतिरिक्त, परिसर में लगा वाटर कूलर कई वर्षों से खराब पड़ा है, जिससे लोगों को कोई सुविधा नहीं मिल पा रही है। मजबूरी में लोगों को बाजार से पानी खरीदकर पीना पड़ रहा है। ब्लॉक मुख्यालय पर पहुंचे राधे श्याम, शिवकुमार तिवारी, राम आनंद और अरविंद पांडेय ने बताया कि पीने के पानी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं है। उन्होंने कहा कि एकमात्र हैंडपंप का पानी भी शुद्ध नहीं है, जिससे उन्हें परेशानी होती है। ब्लॉक के कर्मचारी भी परिसर का पानी पीने से बचते हैं और बाहर से पानी मंगवाकर पीते हैं। इस संबंध में खंड विकास अधिकारी हरिश्चंद्र सिंह से बात की गई। उन्होंने दावा किया कि वाटर कूलर चालू है और उसे ठीक करवा दिया गया है। हालांकि, मौके पर जांच करने पर वाटर कूलर खराब पाया गया, जिससे अधिकारियों के दावों और जमीनी हकीकत में अंतर स्पष्ट होता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द स्वच्छ पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। उनका कहना है कि जब ब्लॉक मुख्यालय जैसे महत्वपूर्ण सरकारी केंद्र पर ही बुनियादी सुविधा उपलब्ध नहीं है, तो ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति का अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं है।


