Strait of Hormuz Tension: होर्मुज में ईरानी नौसेना द्वारा दो भारतीय जहाजों पर फायरिंग की गई, जिसके कारण जहाजों को अपना रास्ता बदलना पड़ा। इस घटना पर भारत ने गंभीर चिंता जताई। भारत ने ईरानी राजदूत को भी तलब किया। वहीं अब इस घटना पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से प्रतिक्रिया सामने आई है।
व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान डोनाल्ड ट्रंप से जब इस घटना के बारे में सवाल किया तो उन्होंने इसका जवाब देने से इनकार कर दिया। प्रेस वार्ता के दौरान ट्रंप से पूछा गया- दो जहाजों पर फायरिंग हुई है, इ पर क्या कहना चाहते हैं?
सवाल के जवाब में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने थैक्यू कहा और प्रेस वार्ता खत्म कर दी। हालांकि बताया जा रहा है कि यह सवाल प्रेस कॉन्फ्रेंस के अंत में पूछा गया था, इसलिए ट्रंप ने थैक्यू कहा था।
दो भारतीय जहाजों पर की फायरिंग
बता दें कि अमेरिका-ईरान युद्ध के दौरान होर्मुज में लगातार तनाव की स्थिति बनी हुई है। इसी बीच 18 अप्रैल को ईरान की इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की गनबोट्स ने दो भारतीय झंडे वाले तेल टैंकरों पर फायरिंग की। दोनों जहाज इराकी तेल ले जा रहे थे।हालांकि घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
भारत ने दी प्रतिक्रिया
भारत ने तुरंत इस घटना पर प्रतिक्रिया दी। विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने ईरानी राजदूत को तलब किया और गहरी चिंता जताई। MEA ने जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। भारत सरकार के सूत्रों ने बताया कि क्रू सुरक्षित है और जहाजों को कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ। भारत ने अपने नागरिकों और जहाजों की सुरक्षा के लिए नौसेना को अलर्ट कर दिया है।
ईरान की तरफ से भी आई प्रतिक्रिया
होर्मुज में दो भारतीय जहाजों पर गोलीबारी की घटना पर ईरान की तरफ से भी प्रतिक्रिया सामने आई है। भारत में ईरान के सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने कहा कि ईरान और भारत के बीच रिश्ते बहुत मजबूत हैं और मुझे इस घटना के बारे में कुछ नहीं पता जिसका आपने जिक्र किया और हमें उम्मीद है कि यह ठीक हो जाएगा और इसे सुलझा लिया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा कि हम यह युद्ध नहीं चाहते। हम शांति चाहते हैं, और हमें उम्मीद है कि दूसरा पक्ष भी शांति का पालन करेंगे ताकि हमारे पास एक शांतिपूर्ण क्षेत्र हो सके।


