महेंद्रगढ़ में फायर ब्रिगेड कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को 32वें दिन भी जारी रही। उनके समर्थन में नगर पालिका के सफाई कर्मचारी भी नौ दिनों से हड़ताल पर हैं। दोनों विभागों के कर्मचारियों ने शनिवार केा सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं, हड़ताल जारी रहेगी। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण शहर में जगह-जगह कूड़े के ढेर लग गए हैं। यदि यह हड़ताल और लंबी खिंचती है, तो शहर में बीमारियों के फैलने की आशंका बढ़ जाएगी। स्थानीय लोगों ने सरकार से इस मामले में हस्तक्षेप कर हड़ताल समाप्त कराने की अपील की है। सरकार के खिलाफ की नारेबाजी महेंद्रगढ़ फायर ब्रिगेड यूनियन के प्रधान राम सिंह ने बताया कि हरियाणा अग्निशमन विभाग कर्मचारी यूनियन के आह्वान पर राज्य स्तर पर यह हड़ताल 8 अप्रैल से जारी है। शनिवार को यह 32वें दिन में प्रवेश कर गई। उन्होंने यह भी बताया कि नगर पालिका सफाई कर्मचारी भी अपनी मांगों के समर्थन में नौ दिनों से हड़ताल पर हैं। आज फायर ब्रिगेड और सफाई कर्मचारियों ने मिलकर शहर के बालाजी चौक, सीएसडी कैंटीन, अंबेडकर चौक और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स से प्रदर्शन शुरू किया। वे सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नगर पालिका कार्यालय पहुंचे और वहां धरने पर बैठ गए। महेंद्रगढ़ में ठप हुई सफाई व्यवस्था नगर पालिका सफाई कर्मचारी प्रधान पूरण कुमार ने बताया कि उनकी हड़ताल 1 मई से जारी है और आज इसे नौ दिन हो गए हैं। उन्होंने दोहराया कि जब तक सरकार उनकी मांगें नहीं मानती, हड़ताल जारी रहेगी। उनकी हड़ताल के कारण शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। कर्मचारियों ने फरीदाबाद के गुजेसर स्थित कालकाजी स्टील कंपनी में 16 फरवरी 2026 को लगी आग का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि इस भीषण आग को बुझाते समय फायर ब्रिगेड के दो कर्मचारी कर्तव्य निभाते हुए झुलस गए थे, जिनकी इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी। सरकार पर दोहरा व्यवहार करने का आरोप कर्मचारियों का आरोप है कि सरकार ने इस मामले में दोहरा व्यवहार किया, क्योंकि इस घटना में एक पुलिस कर्मचारी को शहीद का दर्जा दिया गया, लेकिन फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों को नहीं। फायर कर्मचारी भवीचंद शर्मा व रणवीर सिंह को ना तो शहीद का दर्जा दिया गया और ना ही कोई आर्थिक सहायता की गई। जिसको लेकर आज फायर कर्मचारी पूरे प्रदेश मे हड़ताल पर बैठ हुए हैं।


