Bakrid 2026: 800 मस्जिदों में पढ़ी जाएगी नमाज, बकरीद पर वाराणसी में चाक चौबंद व्यवस्था, शहर मुफ्ती ने की खास अपील

Bakrid 2026: 800 मस्जिदों में पढ़ी जाएगी नमाज, बकरीद पर वाराणसी में चाक चौबंद व्यवस्था, शहर मुफ्ती ने की खास अपील

Bakrid 2026: वाराणसी में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बकरीद (ईद-उल-अजहा) की नमाज अदा की जा रही है। शहर के विभिन्न इलाकों में स्थित मस्जिदों पर पुलिस का कड़ा पहरा है। इसके साथ ही शहर मुफ्ती ने भी त्योहार को लेकर खास अपील की है। वहीं पुलिस के बड़े अधिकारी विभिन्न मस्जिदों का दौरा कर रहे हैं और हालात का जायजा ले रहे हैं। पुलिस द्वारा ड्रोन कैमरों से भी निगरानी की जा रही है। यहां की मस्जिदों में सुबह से नमाज का दौर शुरू हो चुका है जो 11 बजे तक चलेगा।

वाराणसी में बकरीद को लेकर सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त की गई है। बुधवार की देर शाम खुद पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल पुलिस के आला अधिकारियों संग गस्त पर निकले। इसके साथ ही उन्होंने मुस्लिम बहुल इलाकों में जाकर त्योहार को शांतिपूर्वक मनाने की अपील की है और कहा है कि यदि किसी भी प्रकार से कानून व्यवस्था प्रभावित करने की कोशिश की जाएगी तो आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी। इस बारे में उन्होंने धर्म गुरुओं से भी बातचीत की है।

ड्रोन कैमरों से निगरानी

गुरुवार की सुबह से ही जिल के 700 मस्जिदों और 80 ईदगाहों में बकरीद की नमाज अदा की जा रही है। सुबह से ही नमाज का सिलसिला शुरू हो चुका है और करीब 11 बजे तक इन मस्जिदों में नमाज अदा की जाएगी। सभी धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल का इंतजाम किया गया है। पुलिस कमिश्नर ने सभी थाना अध्यक्षों और चौकी प्रभारी को निर्देश दिया है कि वे अपने-अपने इलाके में पड़ने वाले मस्जिदों पर नमाज के दौरान मुस्तैद रहें। वहीं, पुलिस सीसीटीवी और ड्रोन कैमरा के माध्यम से भी निगरानी कर रही है।

शहर मुफ्ती की अपील

वहीं शहर मुफ्ती मौलाना बातिन नोमानी ने समुदाय से अपील की है कि कुर्बानी के दौरान गंदगी न की जाए और ना ही अवशेषों को सार्वजनिक स्थलों पर फेंका जाए। उन्होंने कहा कि इस्लाम में गंदगी करने की इजाजत नहीं है और पैगंबर साहब भी सफाई के पैरोकार थे। उन्होंने लोगों से अपील की है कि भारत का कानून भी गंदगी करने की इजाजत नहीं देता है। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए कुर्बानी दें और नगर निगम द्वारा बताए गए स्थलों पर अवशेषों को फेकें।

शहर मुफ्ती ने कुर्बानी के दौरान वीडियो नहीं बनाने की अपील की है। उन्होंने खासकर युवाओं से कहा है कि कुर्बानी का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर ना डालें। इसके साथ ही लोग कानून व्यवस्था को बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें। उन्होंने समुदाय के लोगों से कहा है की कुर्बानी का वीडियो बनाना कहीं से भी इस्लाम में जायज नहीं है। ऐसा करने पर कुर्बानी कबूल नहीं होती।

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