नर्मदापुरम में गेहूं खरीदी में मनमानी:नियमों को तोड़ वेयरहाउस के भीतर तुलाई, गेहूं स्लॉट बुकिंग में परेशानी

नर्मदापुरम में गेहूं खरीदी में मनमानी:नियमों को तोड़ वेयरहाउस के भीतर तुलाई, गेहूं स्लॉट बुकिंग में परेशानी

नर्मदापुरम में समर्थन मूल्य पर चल रही खरीदी में कुछ केंद्रों पर समितियां मनमानी कर रही है। उपार्जन नीति के नियमों को ताक पर रखकर केंद्रों पर गेहूं खरीदी हो रही। गर्मी, धूप का हवाला देते हुए वेयरहाउस के भीतर गेहूं की तुलाई कर रहे। जबकि वेयरहाउस के भीतर खरीदी करना नियम विरुद्ध है। इसी प्रकार माखननगर में छोटे तौल कांटे के बजाय बड़े तौल कांटा (फ्लेट कांटे) पर तुलाई कर किसानों से गेहूं खरीदा जा रहा है। ऐसे में गेहूं खरीदी में फिर से गड़बड़ी होने की आशंका है। मामले में जिम्मेदार अफसर भी नजर अंदाज कर रहे। कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने दो दिन पहले डोलरिया तहसील के गेहूं, चना खरीदी केंद्रों का निरीक्षण किया था। इस दौरान हम्मालों ने उन्हें दोपहर के समय गर्मी, धूप का हवाला देते हुए वेयरहाउस के भीतर खरीदी करने का कहा। कलेक्टर मिश्रा ने कहा कि नियम अनुसार ही खरीदी करें। सुबह जल्दी तुलाई शुरू करने और केंद्र प्रभारी को छांव की व्यवस्था करने के निर्देश दिए है। बावजूद माखननगर तहसील के खरीदी केंद्रों पर गेहूं खरीदी वेयरहाउस के भीतर हो रही। मामले में कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी अमित साहू को वेयरहाउस के अंदर खरीदी की जानकारी दी। दो दिन बाद इस पर कोई एक्शन नहीं लिया गया। प्रभारी जिला आपूर्ति अधिकारी नीता कोरी, नागरिक आपूर्ति निगम के जिला प्रबंधक सुरेश सनखेरे का कहना है कि गेहूं खरीदी गोदाम परिसर में होना है। वेयरहाउस के भीतर करना गलत है। अगर ऐसा हो रहा है तो हम मौके पर जाकर देखेंगे। पोर्टल की खामियां की वजह से बुकिंग में परेशानी गेहूं खरीदी शुरू होते ही ई- उपार्जन पोर्टल पर आ रही खामियों ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। स्लॉट बुकिंग के दौरान बार-बार पुनः सत्यापन के लिए शेष का मैसेज आने से किसान उपज बेचने के लिए भटकने को मजबूर हैं। वहीं खरीदी केंद्रों पर सन्नाटा पसरा है, जबकि घर और खलिहानों में हजारों क्विंटल गेहूं पड़ा है। सांगाखेड़ा के किसान रमन शुक्ला और शुक्करवाड़ा के अखिलेश गौर जैसे सैकड़ों किसान कई दिनों से पोर्टल पर स्लॉट बुक करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन हर बार सत्यापन पेंडिंग बताकर प्रक्रिया रोक दी जा रही। रमन शुक्ला कहते हैं, सभी दस्तावेज सही हैं, आधार लिंक है, फिर भी पोर्टल बार- बार पुनः सत्यापन दिखा रहा है। खरीदी केंद्र जाने की तैयारी थी, लेकिन स्लॉट ही बुक नहीं हो रहा। किसान संगठनों ने भी इस समस्या को लेकर प्रशासन को चेताया है, बावजूद इसके अब तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया है।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *