Khandwa News: मध्यप्रदेश के खंडवा से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है, यहां एक किसान ने मां की मौत के सदमे में जहर पीकर खुदकुशी कर ली। मां के निधन के दसवें दिन मां का पिंडदान होना था लेकिन इससे पहले ही किसान ने घर में रखी कीटनाशक दवाई पी ली। तबीयत बिगड़ने पर परिजन किसान को गंभीर हालत में अस्पताल लेकर पहुंचे थे, दो दिन चले इलाज के बाद बुधवार को उसकी मौत हो गई। किसान के दो वयस्क बेटे हैं और उसके शराब पीने के आदी होने की बात परिजनों ने बताई है।
मां से बिछड़ने का गम बर्दाश्त नहीं कर पाया
खंडवा जिले के अमलपुरा गांव के रहने वाले किसान जितेन्द्र पटेल (45 वर्ष) की बुजुर्ग मां उमाबाई का दस दिन पर निधन हो गया था। जितेन्द्र को मां की मौत का गहरा सदमा लगा और वो मां से बिछड़ने का गम बर्दाश्त नहीं कर पाया और दो दिन पहले सोमवार को जहर पीकर आत्महत्या करने की कोशिश की। परिजन ने जितेन्द्र को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां इलाज के दौरान बुधवार को उसकी मौत हो गई। जितेन्द्र की मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और परिवारवालों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मां का पिंडदान करने से पहले पीया जहर
परिजनों ने बताया कि मां के दसवें पर पिंडदान करना था लेकिन इससे पहले ही जितेन्द्र ने घर में खरपतवार नाशक दवा पीकर आत्महत्या करने की कोशिश की। परिजनों के मुताबिक जितेन्द्र के पिता का करीब 6 महीने पहले निधन हो चुका है और अब मां का निधन होने के बाद उसे गहरा सदमा लगा था। पहले पिता और फिर मां का दुनिया से चले जाना उससे बर्दाश्त नहीं हुआ और वियोग में उसने आत्महत्या की है।
8-10 एकड़ जमीन का मालिक था
मृतक के चचेरे भाई ने बताया कि जितेन्द्र ही परिवार का मुखिया था और उसे किसी भी तरह की कोई दिक्कत नहीं थी। उसके पास 8-10 एकड़ जमीन है, दो वयस्क बेटे हैं। पहले परिवार पर कुछ कर्ज था लेकिन जितेन्द्र के पिता ने निधन से पहले वो कर्ज उतार दिया था। उन्होंने ये भी बताया कि जितेन्द्र शराब पीने का आदी था और उसने शराब के नशे में ही कीटनाशक पीया था। पुलिस ने मामला दर्ज कर परिजनों के बयान के आधार पर जांच शुरू कर दी है।


