करौली/कैलादेवी. उत्तरभारत प्रसिद्ध आस्थाधाम कैलादेवी में बुधवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब यात्रियों को लेकर कैलादेवी आस्थाधाम आई एक एसी बस में अचानक आग लग गई। देखते ही देखते कुछ देर में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और बस आग का गोला बन गई।
घटना सपोटरा रोड के बरगमा चौराहे पर हुई। गनीमत रही कि घटना के दौरान बस खाली थी, जिससे जनहानि टल गई। स्थानीय लोगों ने आग बुझाने का प्रयास भी किया, लेकिन उनके प्रयास नाकाफी साबित हुए। जानकारी के अनुसार उत्तरप्रदेश के कानपुर से करीब 30-32 यात्री एसी बस से कैलामाता के दर्शन के लिए आए थे। यात्री मंगलवार शाम को कानपुर से रवाना हुए और बुधवार दोपहर कैलादेवी पहुंचे।
कैलादेवी पहुंचने पर सभी यात्री कैलामाता के दर्शन करने मंदिर चले गए, जबकि बस का ड्राइवर खाना खाने के लिए गाड़ी से बाहर चला गया। इसी बीच अज्ञात कारणों से बस में आग लग गई। सूचना पर कैलादेवी थानाधिकारी रामवतार मीना मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी ली। उन्होंने बताया कि बस का ड्राइवर खाना खाने के लिए गाड़ी से बाहर गया था और बस से आए दर्शनार्थी मंदिर दर्शन के लिए चले गए थे।
अज्ञात कारणों से अचानक आग लग गई, जिससे बस पूरी तरह से जलकर खाक हो गई। इस दौरान लोगों की भीड़ जुट गई। इस दौरान आग बुझाने की कोशिश भी की गई, लेकिन प्रयास नाकाफी रहे। बाद में सूचना पर सपोटरा से दमकल वाहन पहुंचा और आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक बस खाक हो गई।
दमकल सुविधा की अखरी कमी
कैलादेवी कस्बे में दमकल सुविधा का अभाव है। ऐसे में एक बार फिर लोगों को दमकल की कमी अखरी। कस्बे के लोगों का कहना है कि कैलादेवी बड़ा आस्थाधाम है। जहां देश के विभिन्न शहरों से बड़ी संख्या में लोग माता के दर्शनों के लिए आते हैं। वर्षभर कस्बे में यात्रियों की आवाजाही बनी रहती है। यदि कस्बे में दमकल वाहन की सुविधा होती तो शायद बुधवार को बस में लगी आग पर समय पर काबू पाया जा सकता था। लोगों ने बताया कि आपात स्थिति में करौली से अग्निशमन वाहन बुलाना पड़ता है।


