भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की एक टीम ने गोपालगंज के सबेया एयरपोर्ट का तकनीकी सर्वे शुरू कर दिया है। दिल्ली से पहुंची इस उच्चस्तरीय टीम के निरीक्षण से एयरपोर्ट से हवाई सेवा शुरू होने की उम्मीदें बढ़ गई हैं। टीम एयरपोर्ट की वर्तमान स्थिति, रनवे की लंबाई, उपलब्ध भूमि और सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच कर रही है। इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य नागरिक उड्डयन के लिए आवश्यक सुविधाओं और उड़ानें शुरू करने में आने वाली तकनीकी बाधाओं का पता लगाना है। सबेया एयरपोर्ट को चालू करना गोपालगंज की पुरानी मांग रही है। सांसद डॉ. आलोक कुमार सुमन इस मुद्दे को लगातार संसद और नागरिक उड्डयन मंत्रालय के समक्ष उठाते रहे हैं। केंद्र सरकार ने अब इस दिशा में सक्रियता दिखाई है। सिवान, छपरा और उत्तर प्रदेश के लोगों को लाभ एयरपोर्ट के शुरू होने से गोपालगंज, सिवान, छपरा और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों के लाखों लोगों को लाभ मिलेगा। इससे दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे महानगरों तक पहुंच आसान होगी, व्यापारिक गतिविधियां बढ़ेंगी और निवेश के नए अवसर पैदा होंगे। इसके अतिरिक्त, स्थानीय युवाओं के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। फिलहाल, टीम की रिपोर्ट का इंतजार है। यदि सर्वे के परिणाम अनुकूल रहते हैं, तो गोपालगंज से जल्द ही हवाई उड़ानें शुरू हो सकती हैं। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की एक टीम ने गोपालगंज के सबेया एयरपोर्ट का तकनीकी सर्वे शुरू कर दिया है। दिल्ली से पहुंची इस उच्चस्तरीय टीम के निरीक्षण से एयरपोर्ट से हवाई सेवा शुरू होने की उम्मीदें बढ़ गई हैं। टीम एयरपोर्ट की वर्तमान स्थिति, रनवे की लंबाई, उपलब्ध भूमि और सुरक्षा मानकों की बारीकी से जांच कर रही है। इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य नागरिक उड्डयन के लिए आवश्यक सुविधाओं और उड़ानें शुरू करने में आने वाली तकनीकी बाधाओं का पता लगाना है। सबेया एयरपोर्ट को चालू करना गोपालगंज की पुरानी मांग रही है। सांसद डॉ. आलोक कुमार सुमन इस मुद्दे को लगातार संसद और नागरिक उड्डयन मंत्रालय के समक्ष उठाते रहे हैं। केंद्र सरकार ने अब इस दिशा में सक्रियता दिखाई है। सिवान, छपरा और उत्तर प्रदेश के लोगों को लाभ एयरपोर्ट के शुरू होने से गोपालगंज, सिवान, छपरा और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों के लाखों लोगों को लाभ मिलेगा। इससे दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे महानगरों तक पहुंच आसान होगी, व्यापारिक गतिविधियां बढ़ेंगी और निवेश के नए अवसर पैदा होंगे। इसके अतिरिक्त, स्थानीय युवाओं के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे। फिलहाल, टीम की रिपोर्ट का इंतजार है। यदि सर्वे के परिणाम अनुकूल रहते हैं, तो गोपालगंज से जल्द ही हवाई उड़ानें शुरू हो सकती हैं।


