महाराष्ट्र के पंढरपुर शहर में रविवार (12 अप्रैल) को हुई एक कथित एसिड अटैक की घटना ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी थी। 21 वर्षीय युवती पर सरेआम एसिड फेंके जाने की खबर से हड़कंप मच गया था, लेकिन पुलिस जांच में जो सच सामने आया है, उसने सबको चौंका दिया है। युवती ने पुलिस के सामने कबूल किया है कि उस पर किसी ने हमला नहीं किया था, बल्कि उसने खुद ही अपने ऊपर एसिड डाला था।
पानीपुरी खाने गई थी, लौटते वक्त हमले का दावा
मामला सोलापुर जिले के पंढरपुर शहर के भोली पेट्रोल पंप इलाके का है, जहां 21 वर्षीय युवती ने दावा किया कि वह पानीपुरी खाने के लिए घर से निकली थी। लौटते समय बाइक सवार दो युवकों ने उसके चेहरे पर एसिड जैसा पदार्थ फेंक दिया।
घटना के बाद युवती को तुरंत शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों के अनुसार, उसकी आंखें सुरक्षित हैं, लेकिन चेहरे और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें आई हैं।
पुलिस जांच में खुला राज
प्राथमिक जांच के दौरान पुलिस को युवती के बयान पर शक हुआ। अधिकारियों ने बताया कि इलाके के सीसीटीवी फुटेज की जांच करने पर कोई संदिग्ध हमलावर नहीं दिखा, साथ ही युवती के बयान में कई विसंगतियां मिलीं। बाद में पूछताछ में उसने खुद स्वीकार किया कि उसने ही अपने ऊपर कथित एसिड डाला था।
युवती ने बताया कि उसने बाजार से करीब 60 रुपये में टॉयलेट क्लीनर एसिड खरीदा। इसके बाद उसने एक सुनसान जगह पर जाकर खुद ही इसे अपने सिर और शरीर पर उड़ेल लिया और फिर हमले की झूठी कहानी गढ़ दी। इस खुलासे के बाद साफ हो गया कि इस मामले में कोई बाहरी हमलावर नहीं था।
बीमारी और डिप्रेशन बनी वजह
पुलिस के मुताबिक, युवती लंबे समय से लीवर की बीमारी से जूझ रही है और उसका इलाज चल रहा है। इसी कारण वह मानसिक तनाव और डिप्रेशन (अवसाद) में थी।
प्राथमिक जानकारी में यह भी सामने आया है कि पारिवारिक कारणों और घरेलू विवादों की वजह से भी वह तनाव में थी, जिसके चलते उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
पुलिस कर रही हर पहलू की जांच
फिलहाल पुलिस यह भी जांच कर रही है कि युवती ने यह कदम उठाने से पहले कोई दवाइयां या अन्य पदार्थ तो नहीं खाया था। साथ ही परिवार के सदस्यों के बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।
युवती की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है और उसका इलाज जारी है। इसके साथ ही उसकी काउंसलिंग भी करवाई जा रही है।


