हाईकोर्ट ने जयपुर में 22 गोदाम रेलवे लाइन से लेकर बी-2 बाइपास तक करीब 310 चिन्हिंत अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए हैं। जस्टिस इंद्रजीत सिंह और जस्टिस संदीप तनेजा की खंडपीठ ने यह आदेश सीताराम देवंदा व अन्य की याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए दिए। अदालत ने कहा कि जेडीए चार महीने में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करें, वहीं 25 नवंबर को जेडीए सचिव पालना रिपोर्ट के साथ व्यक्तिगत रूप से पेश हो। इसके साथ ही कोर्ट ने निर्देश दिया कि इस सड़क से संबंधित किसी भी अपील व दीवानी मामले में कोई भी सिविल अदालत और ट्रिब्यूनल सुनवाई नहीं करेगी। रोड पर तीन हिस्सों में अलग-अलग चौड़ाई निर्धारित इससे पहले जेडीए ने कोर्ट में शपथ पत्र पेश करके कहा था कि इस रोड के तीन हिस्सों में अलग-अलग चौड़ाई निर्धारित की गई हैं। जेडीए की 62वीं बैठक में सड़क की आधिकारिक चौड़ाई स्पष्ट की गई। 22 गोदाम रेलवे स्टेशन से महेश नगर फाटक तक 40 फीट, महेश नगर फाटक से गोपालपुरा बाइपास तक 60 फीट और गोपालपुरा बाइपास से बी-2 बाईपास तक 80 फीट चौड़ाई तय की गई हैं। सुनवाई के दौरान मध्यस्थ के वकील ने कोर्ट को बताया कि रेलवे अधिकारियों ने भी उक्त सड़क के कुछ हिस्सों पर अतिक्रमण किया हुआ है। इस पर कोर्ट ने निर्देश दिए कि निजी व्यक्तियों अथवा किसी भी वैधानिक प्राधिकरण द्वारा किए गए सभी अतिक्रमण हटाए जाए।

