मप्र लोक निर्माण विभाग (PWD) में इस साल 165 इंजीनियर समेत कुल 184 का स्टॉफ सेवानिवृत्त हो जाएगा। इनमें 165 सब इंजीनियर, 6 आर्किटेक्चर और 13 लिपकीय स्टॉफ शामिल है। यह स्थिति तब है, जबकि विभाग में अभी 1680 सब इंजीनियरों की आवश्यकता है। हालांकि विभाग ने 293 नए पदों पर भर्ती के प्रस्ताव को स्वीकृति दे दी है, लेकिन प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। वहीं विभाग में 225 इंजीनियरों के अप्रैल में इंटरव्यू होने थे, लेकिन इंटरव्यू नहीं हुए। विभाग की स्थिति यह है कि अभी कुल 1076 सब इंजीनियर हैं और इनमें से 250 के पास एसडीओ का चार्ज है। केवल 774 सब इंजीनियर ही वर्किंग में हैं। इस साल कुल 165 सब इंजीनियर सेवानिवृत्त होने जा रहे हैं। इनमें से जनवरी से अप्रैल तक 38 इंजीनियर सेवानिवृत्त हो गए हैं। वहीं मई में 9, जून में 25, जुलाई में 32, अगस्त में 12, सितंबर में 12, अक्टूबर में 7, नवंबर में 10 और दिसंबर में 20 सब इंजीनियर सेवानिवृत्त हो जाएंगे। इनमें सिविल और विद्युत यांत्रिकी के इंजीनियर शामिल है। विभाग में करीब 200 असिस्टेंट अपने मूल पद पर काम कर रहे हैं। नियमानुसार एक्जीक्यूटिव इंजीनियर का पद रिक्त होने पर असिस्टेंट इंजीनियर को प्रभार सौंपा जाना चाहिए। बता दें कि स्थनांतरण नीति में सबसे पहले रिक्त पदों को भरा जाना था, लेकिन ऐसे महत्वपूर्ण पदों को रिक्त रखते हुए सब इंजीनियरों को प्रभार सौंपा जा रहा है।


