मेरठ के कंकरखेड़ा थानाक्षेत्र के गांव झिंझोखर में शुक्रवार को जाहरवीर बाबा के मंदिर में सांप निकल आया। मंदिर में दर्शन करने आए श्रृद्धालुओं ने जब अचानक सांप को देखा तो वो उसे भगवान का अवतार समझने लगे। देखते-देखते वहां जाहरवीर बाबा के भक्तों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई। लोगों ने पुलिस को या वन विभाग को सूचना देने के बजाय उस स्थान पर पूजा करना शुरू करना दिया। लगभग 6 घंटे तक सांप मंदिर में घूमता रहा। लोग वहां पूजापाठ करने लगे। धीरे-धीरे सांप खुद वहां से खिसककर कहीं चला गया। कुछ लोगों ने इसका वीडियो बना लिया। पूरे इलाके में यही चर्चा रही कि जाहरवीर बाबा ने स्वयं सर्परूप में भक्तों को दर्शन दिए हैं। जाहरवीर बाबा की मूर्ति के पास निकला था पूरी घटना शुक्रवार दोपहर 3 बजे करीब की है। जब मंदिर में पूजा करने पहुंचे भक्तों की नजर अचानक जाहरवीर बाबा की मूर्ति के पास गई। मूर्ति के पास एक बड़ा सा सांप नजर आया। सांप को देखकर पहले कुछ लोग घबरा गए। अचानक चिल्लाना शुरू कर दिया।
तब मंदिर के पुजारी और अन्य भक्त भी वहां मूर्ति के पास पहुंचे। सांप देखकर उन्होंने कहा कि ये तो बाबा ने स्वयं साक्षात हमें दर्शन दिए हैं। ये सर्प नहीं ये स्वयं जाहरवीर बाबा हैं। इसके बाद वहां मौजूद भक्तों ने भी जाहरवीर बाबा के जयकारे लगाने शुरू कर दिए। पूजा पाठ करके मिठाई, दक्षिणा चढ़ाई कुछ लोगों ने जहां सांप था वहां फूल, बताशे और लड्डू चढ़ा दिए। देखते-देखते सांप के आसपास काफी सामान इकट्ठा होता चला गया। कुछ भक्तों ने तो बकायदा दक्षिणा भी चढ़ा दी। धीरे-धीरे जाहरवीर बाबा के दर्शन की खबर पूरे गांव में फैल गई। लोग मिठाई, फूल लेकर मंदिर में पहुंचने लगे। वहीं महिलाओं ने कीर्तन करके नाचगाना भी शुरू कर दिया। भजन मंडली ने भजन शुरू कर दिया। 6घंटे तक वहीं घूमता रहा सांप
इतनी भीड़ देखकर सर्प भी घबरा गया और अपनी जगह स्थिर हो गया। लगभग 8 बजे तक सांप इसी तरह मंदिर में घूमता रहा और लोग उसे बाबा समझकर दर्शन करते रहे। पूजापाठ करते रहे। काफी देर बाद सांप धीरे-धीरे वहां से खिसककर खिड़की के सहारे बाहर निकला और कहीं गायब हो गया। इस बीच न किसी ने वनविभाग को सांप होने की सूचना दी और न ही पुलिस को बुलाया।

