सिरसा शहर के कल्याण नगर ब्लॉक की परमार्थ कॉलोनी में रहने वाली 51 वर्षीय सीमा इन्सां (पत्नी डॉ. राजकुमार इन्सां) का निधन हो गया। बीमारी के बावजूद वे मानवता की सेवा में हमेशा आगे रहीं। उनके निधन के बाद भी परिवार ने समाजसेवा की मिसाल पेश की और उनके पार्थिव शरीर को मेडिकल रिसर्च के लिए दान कर दिया। डेरा सच्चा सौदा की सेवा मुहिम के तहत सीमा इन्सां का पार्थिव शरीर एनसी मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल, इसराना (पानीपत) को सौंपा गया। परिवार ने डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की शिक्षाओं से प्रेरणा लेकर यह देहदान का निर्णय लिया। कई ब्लॉकों की साध-संगत रही मौजूद सीमा इन्सां की अंतिम विदाई में सच्चे नम्र सेवादार, कल्याण नगर, सिरसा, शाह सतनाम जी नगर, शाह सतनाम जी पुरा समेत कई ब्लॉकों की साध-संगत, सेवादार और उनके रिश्तेदार पहुंचे। इससे पहले उनके आवास पर साध-संगत ने प्रार्थना की। इसके बाद फूलों से सजी एंबुलेंस में पार्थिव शरीर रखकर शाह मस्ताना -शाह सतनाम धाम तक अंतिम यात्रा निकाली गई। इस दौरान सेवादारों और साध-संगत ने ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, शरीरदानी सीमा इन्सां तेरा नाम रहेगा’ और ‘शरीरदानी सीमा इन्सां अमर रहे’ के नारे लगाए। डेरा के मुख्य गेट से ‘धन-धन सतगुरु तेरा ही आसरा’ का नारा लगाकर एंबुलेंस को मेडिकल कॉलेज के लिए भेजा गया। बेटी समेत परिजनों ने अर्थी को दिया कंधा डेरा सच्चा सौदा की ‘बेटा-बेटी एक समान’ मुहिम को बढ़ावा देते हुए सीमा इन्सां की बेटी पलक इन्सां, बेटे अनमोल इन्सां और अन्य परिजनों ने अर्थी को कंधा दिया। परिवार के इस कदम ने बेटियों की समान भागीदारी का संदेश दिया। सच्चे नम्र सेवादार राकेश बजाज इन्सां और कल्याण नगर ब्लॉक के ब्लॉक प्रेमी सेवक मा. सतीश इन्सां ने बताया कि सीमा इन्सां और उनका परिवार हमेशा मानवता के भलाई कार्यों में आगे रहा है। बीमारी के दौरान भी सीमा इन्सां सेवा कार्यों से जुड़ी रहीं। उन्होंने कहा कि दुख की इस घड़ी में भी परिवार ने देहदान का निर्णय लेकर समाज के सामने एक अच्छा उदाहरण पेश किया है।

