फर्रुखाबाद में 58 गांव बाढ़ की चपेट में हैं। यहां गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से मात्र 10 सेंटीमीटर नीचे है। गुरुवार सुबह गंगा का जलस्तर 137 मीटर दर्ज किया गया। नरौरा बांध से 1,15,137 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जबकि खतरे का निशान 137.10 मीटर पर है। बाढ़ का प्रकोप लगातार जारी है, जिससे तीनों तहसीलें प्रभावित हैं। सदर तहसील के 12 गांव, कायमगंज तहसील के 19 गांव और अमृतपुर तहसील के 27 गांव बाढ़ से घिरे हुए हैं। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आवागमन के लिए नावों और स्टीमर का उपयोग किया जा रहा है, जिन्हें प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराया गया है। बाढ़ के पानी से फसलें पूरी तरह तबाह हो गई हैं। सड़कों पर पानी बह रहा है, यहां तक कि बदायूं-फर्रुखाबाद स्टेट हाईवे भी जलमग्न है। कुल 58 बाढ़ प्रभावित गांवों के 11,587 परिवार इस आपदा से प्रभावित हुए हैं। प्रशासन ने जिले में 24 अस्थायी बाढ़ शरणालय स्थापित किए हैं, जिनमें से तीन वर्तमान में संचालित हैं। इन तीनों शरणालयों में 588 व्यक्ति रह रहे हैं, जिन्हें पका हुआ भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। राहत कार्यों के लिए 57 नावें और 15 मोटरबोट भी लगाई गई हैं। अब तक 4,542 बाढ़ पीड़ित परिवारों को खाद्यान्न किट वितरित की जा चुकी हैं।


