पठानकोट के सिविल अस्पताल में नेशनल हेल्थ मिशन (NHM) के कर्मचारियों ने अपनी लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मांगों का जल्द समाधान करने की अपील की। उनका कहना है कि कई बार सरकार और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ बैठकें होने के बावजूद उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं निकला है। धरने पर बैठे कर्मचारियों ने कहा कि वे लंबे समय से स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं दे रहे हैं और सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद उनके अधिकारों और भविष्य से जुड़े मुद्दों को लेकर उन्हें सिर्फ आश्वासन ही मिल रहे हैं। कर्मचारी बोले- कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई कर्मचारियों के अनुसार, उन्होंने अपनी मांगों को लेकर कई बार अधिकारियों और सरकार के समक्ष आवाज उठाई है। बैठकों में समस्याओं के समाधान का भरोसा दिया गया, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे कर्मचारियों में रोष बढ़ रहा है। NHM कर्मचारियों ने कहा कि वे लगातार अपनी ड्यूटी निभाते हुए लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा रहे हैं। इसके बावजूद उनकी मांगों की अनदेखी की जा रही है। मजबूर होकर उन्हें धरना प्रदर्शन का रास्ता अपनाना पड़ा। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया कि वे सरकार से टकराव नहीं चाहते, बल्कि बातचीत के जरिए अपनी मांगों का उचित और स्थायी समाधान चाहते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो संघर्ष को आगे बढ़ाया जा सकता है।

