धमतरी जिले में ग्रामीण क्षेत्र में चल रही अवैध प्लाटिंग के खिलाफ प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चला दिया। ग्रामीणों की शिकायत के बाद प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर अवैध प्लाटिंग के लिए बनाए गए स्ट्रक्चर को ध्वस्त कर दिया। आरोप है कि प्लाटिंग के दौरान गांव से गुजरने वाले वैकल्पिक नाले को पाट दिया गया था, जिसके कारण बारिश का पानी निकलने का रास्ता बंद हो गया और गांव में जलभराव की स्थिति बनने लगी थी। नाला पाटकर प्लाटिंग का आरोप ग्रामीणों के मुताबिक, क्षेत्र में लंबे समय से अवैध तरीके से प्लॉट काटे जा रहे थे। प्लाटिंग के लिए नाले को पाटकर जमीन को समतल किया गया। इसके चलते बारिश के पानी की निकासी प्रभावित हुई और आसपास के हिस्सों में पानी जमा होने लगा। जलभराव से ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। ग्रामीणों ने मामले की शिकायत प्रशासन से की। शिकायत मिलने के बाद राजस्व विभाग ने मौके की जांच कराई। नोटिस का जवाब नहीं मिला तो कार्रवाई एसडीएम पीयूष तिवारी ने बताया कि ग्रामीणों की शिकायत के आधार पर हल्का पटवारी से रिपोर्ट मंगाई गई थी। जांच के बाद संबंधित पक्ष को नोटिस जारी किया गया, लेकिन तय समय में जवाब नहीं मिलने पर प्रशासन ने कार्रवाई की। उन्होंने बताया कि मौके पर अवैध प्लाटिंग से जुड़े जो भी स्ट्रक्चर बनाए गए थे, उन्हें बुलडोजर से हटा दिया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार करीब 2 एकड़ जमीन पर अवैध प्लाटिंग किए जाने की शिकायत सामने आई थी। प्रशासन की कार्रवाई के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध प्लाटिंग और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।


