जबलपुर रेलवे स्टेशन के वाहन पार्किंग स्टैंड में लंबे समय से लावारिस खड़े वाहनों ने रेल सुरक्षा बल (RPF) की चिंता बढ़ा दी है। आशंका है कि इनमें से कुछ वाहनों का इस्तेमाल अपराध में करने के बाद उन्हें रेलवे स्टेशन की पार्किंग में छोड़ दिया गया हो। इसी को देखते हुए जबलपुर RPF ने ऐसे वाहनों को चिह्नित कर कार्रवाई के लिए एंटी-सबोटेज जांच अभियान शुरू किया है। यह अभियान अब पश्चिम मध्य रेलवे के अन्य स्टेशनों पर भी लगातार चलाया जाएगा। रेल सुरक्षा और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से RPF जबलपुर की टीम ने निरीक्षक राजीव खरब और एसआई प्रवीण कुमार के नेतृत्व में प्लेटफॉर्म नंबर-1 और प्लेटफॉर्म नंबर-6 स्थित वाहन पार्किंग स्टैंड में डॉग स्क्वॉड की मदद से सघन जांच की। जांच के दौरान दोनों पार्किंग स्टैंड में कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली। इसके बाद स्टेशन परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को संतोषजनक पाया गया। प्लेटफॉर्म-6 की पार्किंग में मिले 5 लावारिस वाहन प्लेटफॉर्म नंबर-1 स्थित वाहन पार्किंग स्टैंड में जांच के दौरान कोई लावारिस वाहन नहीं मिला। यह पार्किंग फ्रेश फिश सेंटर एजेंसी के अधीन है और इसके ठेकेदार राजीक कुरैशी हैं। वहीं प्लेटफॉर्म नंबर-6 स्थित पार्किंग स्टैंड में जांच के दौरान पांच दोपहिया वाहन लंबे समय से लावारिस हालत में खड़े मिले। इनमें शामिल हैं— MP20SC4827 – Scooty Pep+ (बैंगनी रंग) MP20SG4417 – Pleasure Scooty (काला रंग) MP20MC1283 – Hero Honda CD Deluxe (काला रंग) MP20MV2063 – TVS (सफेद रंग) Chassis No. MP8NF4HF3D8101693 – TVS Apache RTR 160 (सफेद रंग), पुराना वाहन नवंबर 2025 से पहले से खड़े हैं वाहन पूछताछ में प्लेटफॉर्म-6 पार्किंग स्टैंड के ठेकेदार फैजल कुरैशी ने RPF को बताया कि ये सभी वाहन उनके नवंबर 2025 में पार्किंग का ठेका लेने से पहले से ही परिसर में खड़े हैं। ठेकेदार के अनुसार लंबे समय से लावारिस पड़े इन वाहनों के संबंध में आवश्यक कार्रवाई के लिए संबंधित सिविल पुलिस थाने को पहले ही विधिवत सूचना दी जा चुकी है। दूसरे स्टेशनों पर भी चलेगा अभियान RPF अधिकारियों के अनुसार रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखने के लिए एंटी-सबोटेज जांच अभियान जारी रहेगा। पार्किंग स्थलों पर लंबे समय से खड़े और संदिग्ध वाहनों की पहचान की जाएगी। डॉग स्क्वॉड की मदद से वाहनों और आसपास के क्षेत्रों की जांच कर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि किसी तरह की संदिग्ध या विस्फोटक सामग्री मौजूद न हो।

