लखनऊ के छात्रों ने देश के कई प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश हासिल कर शहर का नाम रोशन किया है। इनमें आईआईएम, एनआईआरएमए, टापमी, एनएमआईएमएस, अशोका विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय और एनएफएसयू जैसे संस्थान शामिल हैं। छात्रों ने यह सफलता कड़ी मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन के दम पर हासिल की। हजरतगंज में हुआ ‘टॉपर्स टॉक’ इस उपलब्धि के बाद टॉप रैंकर्स के सुपरग्रैड्स की ओर से हजरतगंज स्थित कार्यालय में ‘टॉपर्स टॉक’ का आयोजन किया गया। इसमें सफल छात्रों ने वर्ष 2027 बैच के अभ्यर्थियों के साथ अपनी तैयारी की रणनीति, समय प्रबंधन और प्रवेश परीक्षाओं के अनुभव साझा किए। 21 छात्रों का आईआईएम में चयन उपलब्ध चयन विवरण के अनुसार, कुल 21 छात्रों का चयन आईआईएम बेंगलुरु, रांची, रोहतक, इंदौर, जम्मू, बोधगया और संभलपुर समेत विभिन्न भारतीय प्रबंधन संस्थानों में हुआ है। इसके अलावा छात्रों ने एनआईआरएमए, टापमी, एनएमआईएमएस, अशोका विश्वविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू), एनएफएसयू, निकमार पुणे, सिम्बायोसिस, क्राइस्ट विश्वविद्यालय, एलएसआर, एसआरसीसी और आईएचएम पूसा जैसे संस्थानों में भी प्रवेश पाया है। बोर्ड के साथ प्रवेश परीक्षा की तैयारी सीएमएस महानगर की छात्रा श्रेष्ठा सरस्वा ने बोर्ड परीक्षा के साथ प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी की। उनका चयन अशोका विश्वविद्यालय, आईआईएम कोझिकोड, एनआईआरएमए और टापमी में हुआ। वहीं, मानविकी वर्ग की ऐश्वर्या ने एक साल का गैप लेकर तैयारी की और आईआईएम रांची व आईआईएम रोहतक में जगह बनाई। सीएमएस गोमतीनगर की राशिका अग्रवाल ने भी बोर्ड और प्रवेश परीक्षा की तैयारी साथ-साथ की। सुबह जल्दी उठकर पढ़ाई करना उनकी रणनीति का अहम हिस्सा रहा। उन्होंने आईआईएम जम्मू, एनएमआईएमएस और आईआईएम बोधगया में सफलता हासिल की। सीएमएस महानगर की जेशना गुप्ता ने दो साल की तैयारी के बाद आईआईएम रोहतक, जम्मू और बोधगया में प्रवेश पाया। कई अन्य छात्रों ने भी हासिल की सफलता अन्य सफल छात्रों में आरुष गुप्ता का आईआईटी पटना, अधिराज सिंह का आईआईएम बेंगलुरु, ध्रुव मिश्रा का एनआईआरएमए-टापमी, निविशा टंडन का क्राइस्ट विश्वविद्यालय, अरित्रो चौधरी का निकमार-सिम्बायोसिस-टापमी और हम्माद का एसआरसीसी-आईआईएम रोहतक में चयन हुआ है। टॉपर्स ने दिए सफलता के टिप्स टॉप रैंकर्स सेंटर के डायरेक्टर विशाल शर्मा ने कहा कि यूजी प्रवेश परीक्षाओं में सफलता के लिए अच्छे अंकों के साथ लगातार तैयारी, समय प्रबंधन और अनुशासन जरूरी है। कार्यक्रम में मौजूदा टॉपर्स ने वर्ष 2027 बैच के अभ्यर्थियों को नियमित पढ़ाई, मॉक टेस्ट, समय का सही इस्तेमाल और विषयों की स्पष्ट समझ पर ध्यान देने की सलाह दी।

