उदयपुर की 6 पंचायत समितियों में दूसरे चरण की वोटिंग:आदिवासी क्षेत्र कोटड़ा में सबसे ज्यादा 76.87% मतदान, शहर से सटे बड़गांव में उछाल

उदयपुर की 6 पंचायत समितियों में दूसरे चरण की वोटिंग:आदिवासी क्षेत्र कोटड़ा में सबसे ज्यादा 76.87% मतदान, शहर से सटे बड़गांव में उछाल

उदयपुर जिले में पंचायत और जिला परिषद चुनाव के दूसरे चरण में बुधवार को 6 पंचायत समितियों में वोट डाले गए। इस बार वोटरों में गजब का उत्साह देखने को मिला। खास बात यह रही कि शहर से सटे इलाकों के मुकाबले आदिवासी बाहुल्य क्षेत्रों के मतदाता घर से बाहर निकलने में ज्यादा आगे रहे। जिले की कोटड़ा पंचायत समिति में शाम 6 बजे तक सबसे ज्यादा 76.87 फीसदी मतदान दर्ज किया गया, जो पिछले चुनाव से करीब 12 फीसदी ज्यादा है। वहीं, सबसे कम वोटिंग सायरा पंचायत समिति में रही, जहां सिर्फ 58.74 फीसदी लोगों ने ही वोट डाले। इस चुनाव का एक अलग और खास पहलू यह भी रहा कि नई बनी देवला और सुलाव पंचायत समितियों में लोगों ने पहली बार अपनी स्थानीय सरकार चुनने के लिए वोटिंग की। दूसरे चरण में बड़गांव, सायरा, गोगुंदा, कोटड़ा के साथ नई बनी सुलाव और देवला पंचायत समिति में पंचायत समिति और जिला परिषद सदस्यों के लिए मतदान हुआ। इनमें शहर से सटी बड़गांव पंचायत समिति को छोड़ दें, तो बाकी पांचों पंचायत समितियां आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र की हैं। हालांकि बड़गांव पंचायत समिति की भी अधिकांश पंचायते टीएसपी की है। बड़गांव में 10 फीसदी ज्यादा पड़े वोट, सायरा में सुस्ती शहर से सटी बड़गांव पंचायत समिति में इस बार मतदाताओं ने पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए। यहां कुल 71.16 फीसदी वोटिंग हुई है। 6 साल पहले साल 2020 के चुनाव में यहां सिर्फ 60.9 फीसदी मतदान हुआ था। यानी इस बार सीधे तौर पर 10.26 फीसदी ज्यादा वोट पड़े हैं। पिछली बार यहां भाजपा की प्रतिभा नागदा प्रधान बनी थीं। दूसरी ओर सायरा पंचायत समिति में वोटरों का रुझान थोड़ा सुस्त नजर आया। यहां इस बार 58.74 फीसदी वोटिंग ही हो सकी। पिछली बार यहां 59.16 फीसदी मतदान हुआ था और कांग्रेस के सवाराम गमेती प्रधान चुने गए थे। सायरा में इस बार भी वोटिंग का आंकड़ा 60 फीसदी के पार नहीं जा सका। नई पंचायत समितियों में दिखा जबरदस्त क्रेज इस चुनाव में पहली बार अस्तित्व में आई देवला और सुलाव पंचायत समिति के वोटरों में अलग ही जोश दिखा। देवला में पहली बार हुए चुनाव में 72.94 फीसदी जैसी शानदार वोटिंग हुई। वहीं, सुलाव में भी शाम 6 बजे तक 68.37 फीसदी मतदाता अपने वोट डाल चुके थे। 3 जगह देर शाम तक लगी कतारें, कोटड़ा ने चौंकाया कोटड़ा, गोगुंदा और सुलाव में शाम 6 बजे के बाद भी मतदान केंद्रों पर वोटरों की कतारें लगी रहीं। इसी वजह से यहां देर शाम तक वोट डाले गए और अभी फाइनल आंकड़े आने बाकी हैं। हालांकि शाम 6 बजे तक के आंकड़ों की ही पिछली बार से तुलना करें, तो कोटड़ा ने सबको चौंका दिया है। पिछली बार कोटड़ा में 64.53 फीसदी वोट पड़े थे, जो इस बार शाम 6 बजे तक ही बढ़कर 76.87 फीसदी पर पहुंच गए। वहीं, गोगुंदा में पिछली बार 69.53 फीसदी वोटिंग हुई थी, जबकि इस बार शाम 6 बजे तक का आंकड़ा 67.61 फीसदी रहा है। फाइनल आंकड़े आने पर गोगुंदा का प्रतिशत थोड़ा और बढ़ सकता है। बढ़ा हुआ मतदान किस पार्टी के पक्ष में जाएगा, अब सबकी नजरें इसी गणित पर टिकी हैं। 6 पंचायत समितियों में वोटिंग का गणित

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *