जमुई में सोमवार सुबह किऊल रेलखंड के अप लाइन पर एक अज्ञात महिला की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। यह हादसा रेलवे क्रॉसिंग से लगभग 150 मीटर की दूरी पर ऑटो सिग्नल पोल संख्या 393/7 और 393/9 के बीच हुआ। सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई और उन्होंने तुरंत जमुई जीआरपी तथा स्थानीय थाना पुलिस को जानकारी दी। घटनास्थल पर महिला का शरीर दो भागों में बंटा हुआ पाया गया। स्थानीय लोगों ने आशंका जताई है कि महिला ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या की होगी। सूचना मिलने पर रेल पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृत महिला की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। बताया जा रहा है कि महिला ने लाल साड़ी पहनी हुई थी, जिसके आधार पर उसकी पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। जीआरपी अधिकारियों के अनुसार, आसपास के गांवों में संपर्क कर महिला की पहचान सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस रेलवे ट्रैक के आसपास के घरों से भी जानकारी जुटा रही है ताकि घटना के कारणों का पता चल सके। फिलहाल, पुलिस इस मामले को संदिग्ध मानकर हर पहलू से जांच कर रही है। महिला की पहचान होने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह सामने आ पाएगी। जमुई में सोमवार सुबह किऊल रेलखंड के अप लाइन पर एक अज्ञात महिला की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। यह हादसा रेलवे क्रॉसिंग से लगभग 150 मीटर की दूरी पर ऑटो सिग्नल पोल संख्या 393/7 और 393/9 के बीच हुआ। सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई और उन्होंने तुरंत जमुई जीआरपी तथा स्थानीय थाना पुलिस को जानकारी दी। घटनास्थल पर महिला का शरीर दो भागों में बंटा हुआ पाया गया। स्थानीय लोगों ने आशंका जताई है कि महिला ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या की होगी। सूचना मिलने पर रेल पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृत महिला की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। बताया जा रहा है कि महिला ने लाल साड़ी पहनी हुई थी, जिसके आधार पर उसकी पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। जीआरपी अधिकारियों के अनुसार, आसपास के गांवों में संपर्क कर महिला की पहचान सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस रेलवे ट्रैक के आसपास के घरों से भी जानकारी जुटा रही है ताकि घटना के कारणों का पता चल सके। फिलहाल, पुलिस इस मामले को संदिग्ध मानकर हर पहलू से जांच कर रही है। महिला की पहचान होने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह सामने आ पाएगी।


