मुजफ्फरनगर में अपराध नियंत्रण के लिए पुलिस प्रशासन ने हिस्ट्रीशीटरों पर शिकंजा कसा है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देश पर ग्रामीण क्षेत्रों के थानों में पंजीकृत हिस्ट्रीशीटरों को तलब कर उनका सत्यापन किया गया। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अक्षय संजय महाडीक के नेतृत्व में यह विशेष अभियान चलाया गया। इसके तहत हिस्ट्रीशीटरों की वर्तमान गतिविधियों, निवास स्थान, आपराधिक रिकॉर्ड और व्यवहार का बारीकी से सत्यापन किया गया। थानों में बुलाए गए अपराधियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई कि यदि वे दोबारा किसी भी आपराधिक गतिविधि में शामिल पाए गए, तो उनके खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों ने हिस्ट्रीशीटरों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की हिदायत दी। इसके साथ ही, संदिग्ध गतिविधियों और सक्रिय अपराधियों पर निगरानी भी तेज कर दी गई है। इस अभियान में थाना प्रभारियों, क्षेत्राधिकारियों और स्थानीय पुलिस बल ने सक्रिय भूमिका निभाई। पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह केवल एक औपचारिक सत्यापन नहीं है, बल्कि अपराधियों की गतिविधियों पर फील्ड इंटेलिजेंस आधारित निगरानी का हिस्सा है। इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में अपराध की संभावनाओं को पहले ही नियंत्रित करना है। पुलिस ने बताया कि जनपद में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों में कानून का भय स्थापित करने के लिए इस तरह के सत्यापन अभियान आगे भी जारी रहेंगे।


