कोटा | शिक्षा मंत्री दिलावर सरकारी स्कूलों में गर्मियों की छुट्टियां कम करने का आदेश वापस नहीं लेने के मामले में बैक फुट पर आ गए हैं। अब प्रदेश में सरकारी स्कूल 21 जून के स्थान पर 29 जून से खुलेंगे। प्रदेशभर के 4 लाख शिक्षकों और 73 लाख से अधिक विद्यार्थियों को आठ दिन का अतिरिक्त अवकाश मिल सकेगा। यह फैसला शनिवार को शिक्षक महासंघ और शिक्षामंत्री मदन दिलावर के बीच, जयपुर में हुई वार्ता के बाद लिया गया। वार्ता में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ (विद्यालय शिक्षा) के संघर्ष समिति संयोजक संपत सिंह, प्रदेशाध्यक्ष रमेश पुष्करणा, प्रदेश महामंत्री महेंद्र कुमार लखारा, अभयसिंह राठौड़, प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष रवी आचार्य, अतिरिक्त महामंत्री बसंत जिंदल सहित शिक्षा मंत्री के विशिष्ट सहायक जयनारायण मीणा शामिल रहे। ग्रीष्मकालीन अवकाश में बदलाव होने से अब शिविरा कैलेंडर में भी बदलाव होगा। संस्था प्रधानों के अधिकार क्षेत्र के जिन दो अवकाशों को एक कर दिया था उन्हें भी यथावत दो दिन कर दिया गया है। वार्ता में समानीकरण, तृतीय श्रेणी पदोन्नति, गैर शैक्षणिक कार्यों, शिक्षार्थी एवं शिक्षक हितों के अन्य बिदुओं पर भी चर्चा की गई। महासंघ के जिलाध्यक्ष रास बिहारी यादव ने बताया कि 29 मई को होने वाले जिला स्तरीय धरना-प्रदर्शन को स्थगित कर दिया है। प्रदेश महामंत्री महेन्द्र लखारा और प्रदेश अध्यक्ष रमेश पुष्करणा ने कहा कि अन्य मुद्दों के निस्तारण के लिए भी मंत्री ने अधिकारियों को वार्ता के निर्देश दिए हैं। स्कूलों में गर्मी की छुटि्टयां कम करने पर शिक्षक संघ (सियाराम) के बैनर तले 18 मई को शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के खिलाफ हुए प्रदर्शन के मामले में रामगंजमंडी पुलिस थाने में शिक्षकों पर नामजद एफआईआर हुई है। इसमें बिना प्रशासनिक अनुमति के मंत्री दिलावर के खिलाफ आंदोलन करने, उनके पुतले की शव यात्रा निकालने, पुतला फूंकने और अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने के आरोप हैं। यह एफआईआर राजस्थान पंचायत समिति सदस्य संघ की प्रदेश अध्यक्ष नारंगी मीणा ने दर्ज कराई है। रिपोर्ट में बताया कि आंदोलन की अध्यक्षता संगठन के मुख्य संरक्षक सियाराम शर्मा ने की। इसमें प्रदेशाध्यक्ष वीरेंद्र शर्मा, महामंत्री रामदयाल मीणा, कोषाध्यक्ष हेमंत कुमार जांगिड़ सहित राज्य, जिला व ब्लॉक स्तर के पदाधिकारियों सहित कई शिक्षक शामिल हुए थे। शिकायतकर्ता मीणा ने रिपोर्ट में बताया कि अनुमति नहीं लेना गैर-कानूनी है। आंदोलनकारियों ने शिक्षा मंत्री को चोर कहा। दूसरी ओर, आंदोलनकारी शिक्षकों पर कार्रवाई के लिए विभाग की ओर से जांच कमेटी गठित की जा चुकी है। कमेटी में कोटा सीडीईओ गोपाल कृष्ण जोशी, बारां सीडीईओ गेंदालाल रैगर, डीईओ प्रारंभिक (मुख्यालय) रूप सिंह मीणा और खैराबाद सीबीईओ कृति मेहरोत्रा को शामिल किया गया है। कमेटी जांच कर रही है कि प्रदर्शन की पूरी प्रक्रिया क्या थी और यह क्यों हुआ और अधिकारियों को दिए ज्ञापन का वास्तविक आधार क्या रहा। जयपुर में शिक्षा मंत्री दिलावर और शिक्षक संघ पदाधिकारियों की बैठक। रामगंजमंडी में 18 मई को शिक्षा मंत्री दिलावर का पुतला जलाया गया।


