ईरान-इजराइल के बीच बढ़ा तनाव, खामेनेई की हत्या पर भड़का ईरान, धर्मगुरु ने ट्रंप से माफी की मांग की

ईरान-इजराइल के बीच बढ़ा तनाव, खामेनेई की हत्या पर भड़का ईरान, धर्मगुरु ने ट्रंप से माफी की मांग की

Iran-Israel War: में एक वरिष्ठ धार्मिक नेता Ali Shiraz ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump से सार्वजनिक माफी की मांग की है। शिराजी का कहना है कि ट्रंप को दुनिया के सामने यह स्वीकार करना चाहिए कि ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की हत्या ‘एक गलती’ थी। उन्होंने आरोप लगाया कि 28 फरवरी को हुए एक संयुक्त अमेरिका-इजराइल हवाई हमले में खामेनेई की हत्या की गई थी। शिराजी ने कहा कि ईरान इस घटना को कभी नहीं भूलेगा और इसका जवाब देने के लिए उसकी सेना पूरी तरह तैयार है।

इस्लामिक सिद्धांत के खिलाफ नहीं जाएगा रुख

अली शिराजी ने कहा कि इजराइल के खिलाफ ईरान का रुख धार्मिक और वैचारिक स्तर पर स्थायी है। उनके अनुसार यह केवल राजनीतिक मुद्दा नहीं बल्कि धार्मिक सिद्धांत से जुड़ा मामला है।

वैश्विक मंच पर ईरान का पलटवार

इस बीच ईरान ने ट्रंप की एक टिप्पणी पर भी कड़ी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने भारत और चीन को लेकर विवादित शब्दों का इस्तेमाल किया था। ईरानी दूतावास ने सोशल मीडिया पर कहा कि भारत और चीन प्राचीन सभ्यताओं की भूमि हैं, जबकि असली समस्या वे लोग हैं जो युद्ध और विनाश की बात करते हैं।

युद्ध और तेल बाजार पर असर

ईरान और इजराइल के बीच चल रहे तनाव ने वैश्विक ऊर्जा बाजार को भी प्रभावित किया है। तेल और गैस की आपूर्ति पर दबाव बढ़ा है, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य के करीब स्थिति बिगड़ने के कारण। इस रास्ते से गुजरने वाले तेल जहाजों पर असर पड़ने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें अस्थिर हो गई हैं।

अमेरिका की सैन्य मौजूदगी बढ़ी

अमेरिका ने मध्य पूर्व में अपनी सैन्य मौजूदगी और बढ़ा दी है। अमेरिकी सेना ने पुष्टि की है कि USS George HW Bush कैरियर अब क्षेत्र में तैनात है। इसके साथ ही USS Gerald R. Ford और USS Abraham Lincoln पहले से ही इलाके में मौजूद हैं। इस तरह तीन बड़े अमेरिकी विमानवाहक पोत इस समय मध्य पूर्व में सक्रिय हैं।

ट्रंप का बयान, परमाणु हथियार नहीं इस्तेमाल होंगे

डोनाल्ड ट्रंप ने साफ कहा है कि ईरान के खिलाफ किसी भी हाल में परमाणु हथियार का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक हथियारों से ही पर्याप्त नुकसान पहुंचाया जा सकता है। ट्रंप ने यह भी कहा कि दुनिया में किसी भी देश को परमाणु हथियार का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

इजराइल-लेबनान युद्धविराम पर भी सवाल

इसी बीच अमेरिका की मध्यस्थता से इजराइल और लेबनान के बीच युद्धविराम को तीन हफ्ते के लिए बढ़ा दिया गया है। हालांकि इसके कुछ ही घंटों बाद दक्षिणी लेबनान में हवाई हमले की खबरें सामने आईं, जिससे हालात फिर तनावपूर्ण हो गए हैं। दूसरी ओर शांति वार्ता की कोशिशों को भी झटका लगा है। पाकिस्तान में होने वाली बातचीत में ईरान ने शामिल होने से इनकार कर दिया है। ईरान का कहना है कि उसकी परमाणु अधिकारों पर कोई समझौता संभव नहीं है।

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