किशनगंज में अवैध मादक पदार्थों और वांछित अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ऑपरेशन क्लीन ड्राइव के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने किशनगंज थाना क्षेत्र में छापेमारी कर एक महिला को स्मैक के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि किराना दुकान की आड़ में मादक पदार्थों की बिक्री की जा रही थी। अब पुलिस इस धंधे से जुड़े पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुट गई है। गुप्त सूचना पर हुई छापेमारी पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 21 अप्रैल 2026 को जिला आसूचना इकाई और किशनगंज थाना की संयुक्त टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि पानीसाल गांव में एक किराना दुकान के जरिए नशीले पदार्थों की बिक्री की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए विशेष टीम का गठन किया गया और संबंधित स्थान पर छापेमारी की गई। पुलिस टीम के पहुंचते ही इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। दुकान संचालिका के पास से 24 पुड़िया स्मैक बरामद छापेमारी के दौरान किराना दुकान संचालिका अमीना खातुन के पास से कुल 24 पुड़िया स्मैक बरामद की गई। बरामद स्मैक का कुल वजन करीब 6.12 ग्राम बताया गया है। मौके से एक मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है, जिसकी जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि मोबाइल फोन से इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने में मदद मिल सकती है। कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। गिरफ्तार महिला की पहचान हुई गिरफ्तार महिला की पहचान अमीना खातुन, पति असराउल हक, निवासी पानीसाल वार्ड संख्या 12, थाना व जिला किशनगंज के रूप में हुई है। पुलिस ने विधिवत गिरफ्तारी के बाद आरोपी महिला को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए भेज दिया है। मामले में किशनगंज थाना कांड संख्या 431/26, दिनांक 22 अप्रैल 2026 दर्ज किया गया है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8(सी)/21(बी) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। सप्लाई चेन और नेटवर्क की जांच शुरू एसपी संतोष कुमार ने बताया कि गिरफ्तार महिला से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के दौरान बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज की जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि स्मैक कहां से लाई जाती थी और किन लोगों तक पहुंचाई जाती थी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इस धंधे में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। साथ ही लंबे समय से चल रहे इस कारोबार से अर्जित अवैध संपत्ति की भी जांच की जा रही है। अवैध संपत्ति जब्ती की भी तैयारी पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अगर जांच में मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित संपत्ति का पता चलता है तो नियमानुसार उसे जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए आर्थिक पहलुओं की भी जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि नशे के कारोबार को केवल गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि इसकी आर्थिक जड़ों पर भी चोट की जाएगी। जिले में नशे के कारोबार पर सख्ती जारी एसपी संतोष कुमार ने स्पष्ट कहा कि जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ सख्ती लगातार जारी रहेगी। इस तरह की गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस लगातार सूचना तंत्र को मजबूत कर रही है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। आम लोगों से भी अपील की गई है कि नशे के कारोबार से जुड़ी जानकारी पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके। ‘ऑपरेशन क्लीन ड्राइव’ का दिख रहा असर जिले में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्लीन ड्राइव’ अभियान का असर अब जमीन पर दिखने लगा है। लगातार हो रही कार्रवाई से नशा तस्करों और अपराधियों में डर का माहौल है। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में भी ऐसे अभियान तेज गति से जारी रहेंगे। स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इससे समाज और युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने में मदद मिलेगी। किशनगंज में अवैध मादक पदार्थों और वांछित अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ऑपरेशन क्लीन ड्राइव के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने किशनगंज थाना क्षेत्र में छापेमारी कर एक महिला को स्मैक के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस कार्रवाई से इलाके में हड़कंप मच गया है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि किराना दुकान की आड़ में मादक पदार्थों की बिक्री की जा रही थी। अब पुलिस इस धंधे से जुड़े पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुट गई है। गुप्त सूचना पर हुई छापेमारी पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 21 अप्रैल 2026 को जिला आसूचना इकाई और किशनगंज थाना की संयुक्त टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि पानीसाल गांव में एक किराना दुकान के जरिए नशीले पदार्थों की बिक्री की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए विशेष टीम का गठन किया गया और संबंधित स्थान पर छापेमारी की गई। पुलिस टीम के पहुंचते ही इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। दुकान संचालिका के पास से 24 पुड़िया स्मैक बरामद छापेमारी के दौरान किराना दुकान संचालिका अमीना खातुन के पास से कुल 24 पुड़िया स्मैक बरामद की गई। बरामद स्मैक का कुल वजन करीब 6.12 ग्राम बताया गया है। मौके से एक मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है, जिसकी जांच की जा रही है। पुलिस का मानना है कि मोबाइल फोन से इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने में मदद मिल सकती है। कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। गिरफ्तार महिला की पहचान हुई गिरफ्तार महिला की पहचान अमीना खातुन, पति असराउल हक, निवासी पानीसाल वार्ड संख्या 12, थाना व जिला किशनगंज के रूप में हुई है। पुलिस ने विधिवत गिरफ्तारी के बाद आरोपी महिला को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई के लिए भेज दिया है। मामले में किशनगंज थाना कांड संख्या 431/26, दिनांक 22 अप्रैल 2026 दर्ज किया गया है। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8(सी)/21(बी) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। सप्लाई चेन और नेटवर्क की जांच शुरू एसपी संतोष कुमार ने बताया कि गिरफ्तार महिला से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के दौरान बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज की जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि स्मैक कहां से लाई जाती थी और किन लोगों तक पहुंचाई जाती थी। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इस धंधे में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। साथ ही लंबे समय से चल रहे इस कारोबार से अर्जित अवैध संपत्ति की भी जांच की जा रही है। अवैध संपत्ति जब्ती की भी तैयारी पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अगर जांच में मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित संपत्ति का पता चलता है तो नियमानुसार उसे जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए आर्थिक पहलुओं की भी जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि नशे के कारोबार को केवल गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि इसकी आर्थिक जड़ों पर भी चोट की जाएगी। जिले में नशे के कारोबार पर सख्ती जारी एसपी संतोष कुमार ने स्पष्ट कहा कि जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ सख्ती लगातार जारी रहेगी। इस तरह की गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस लगातार सूचना तंत्र को मजबूत कर रही है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। आम लोगों से भी अपील की गई है कि नशे के कारोबार से जुड़ी जानकारी पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई हो सके। ‘ऑपरेशन क्लीन ड्राइव’ का दिख रहा असर जिले में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्लीन ड्राइव’ अभियान का असर अब जमीन पर दिखने लगा है। लगातार हो रही कार्रवाई से नशा तस्करों और अपराधियों में डर का माहौल है। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में भी ऐसे अभियान तेज गति से जारी रहेंगे। स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इससे समाज और युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने में मदद मिलेगी।


