यूपी में एक बार फिर पेट्रोल पंपों पर लंबी-लंबी लाइनें दिखने लगी हैं। गोरखपुर, बहराइच, महराजगंज, बस्ती, मऊ, देवरिया, श्रावस्ती और संत कबीरनगर में कई पंपों पर पेट्रोल-डीजल खत्म हो गया है। कई जगह लंबी-लंबी लाइनें देखने को मिल रही हैं। हालांकि, तेल कंपनियों और अधिकारियों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है। लोग अफवाहों पर ध्यान न दें। महराजगंज में डीजल और पेट्रोल की भारी किल्लत से किसानों और वाहन चालकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। जिले के 149 में से कई पेट्रोल पंपों पर ईंधन खत्म होने से हालात गंभीर हैं। पेट्रोल की जुगत के लिए अधिकांश पेट्रोल पंपों पर किसान देर रात से ही लाइनें लगाकर इंतजार कर रहे हैं। ट्रैक्टरों की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। खेती के मौजूदा सीजन में ईंधन संकट ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। ट्रैक्टर, पंपिंग सेट और अन्य कृषि कार्यों के लिए डीजल जरूरी होने के कारण किसान रातभर गैलन, ड्रम और ट्रैक्टर लेकर पेट्रोल पंपों पर इंतजार करते दिखाई दे रहे हैं। हालांकि जिला आपूर्ति अधिकारी एपी सिंह का कहना है- कोई खास दिक्कत नहीं है। 149 में से सिर्फ 20 पेट्रोल पंप पर ही स्टॉक खत्म है। महराजगंज शहर से सटे मुंडेरा पेट्रोलपंप में बीते सोमवार से ही डीजल व पेट्रोल नहीं है। लोगों को पंप से खाली हाथ लाैटना पड़ रहा है। ग्राम मोहनापुर के निवासी किसान रामचरण दास ने बताया की धान की नर्सरी तैयार करनी है। इसके लिए वह डीजल लेने के लिए पहुंचे, लेकिन उन्हें तेल नहीं मिला। लेदवा गांव के बाइक सवार सुरेंद्र प्रसाद ने बताया कि परिवार के साथ बाइक से परतावल जाने के लिए निकले थे। पंप पर तेल न मिलने से अब वह परतावल नहीं जा पाएंगे। पंप कर्मी ने महेंद्र बताया कि आर्डर लगा है। शुक्रवार को तेल आने की उम्मीद है। पेट्रोलपंप पर पेट्रोल डीजल दो दिनों से नहीं है। ऐसे में लोगों को वापस जाना पड़ रहा है। पंप कर्मी ने बताया कि डिपो से ही डीजल मिलने में समस्या हो रही है। डीजल भराने आए पिकअप चालक मोहन वर्मा ने बताया कि यहां पर डीजल न मिलने से परेशानी हो रही है। शहर में मुख्यालय फरेंदा रोड स्थित इंडियन आयल के पेट्रोल पंप पर डीजल पेट्रोल उपलब्ध था। यहां तेल लेने के लिए ग्राहकों की भीड़ लगी थी। पेट्रोल पंप पर ऑनलाइन भुगतान पूरी बंद कर दिया गया। सेल्समैन ने बताया कि पेटीएम खराब है। डीजल की किल्लत के चलते चेहरी पेट्रोल पंप पर नो स्टॉक के बोर्ड लग गए हैं। कुछ पेट्रोल पंपों पर 100 से 200 रुपये तक का ही पेट्रोल उपलब्ध कराया गया। पेट्रोल पंप संंचालकों के मुताबिक आर्डर लगने के बाद तीन से चार दिन आपूर्ति होने में लग जा रहा है। जिलापूर्ति अधिकारी एपी सिंह ने बताया कि समस्या से निपटने के लिए लगातार प्रयास जारी है। ऐसे में समय में सभी लोगों के सहयोग की जरूरत है। इधर मऊ, कुशीनगर और संतकबीर नगर में भी किल्लत बरकरार है। सुबह से लाइनें लग रही हैं। कई पेट्रोल पंपों पर पुलिस तैनात कर दी गई है। सुरक्षा के बीच पेट्रोल-डीजल दिया जा रहा है। शहर से कस्बों तक खत्म हुआ डीजल महराजगंज शहर के साथ-साथ फरेंदा, नौतनवा, घुघली, पनियरा और आसपास के अधिकांश इलाकों में डीजल समाप्त हो चुका है। जिन कुछ पंपों पर सीमित मात्रा में ईंधन पहुंचा, वहां इतनी भीड़ उमड़ी कि हालात संभालना मुश्किल हो गया। कई जगह व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात करना पड़ा। किसानों का कहना है कि डीजल की कमी से जुताई, सिंचाई और अन्य कृषि कार्य प्रभावित हो रहे हैं। वहीं मालवाहक और निजी वाहनों का संचालन भी प्रभावित हुआ है। लोगों का आरोप है कि संकट के बीच कुछ लोग अतिरिक्त ईंधन जमा कर रहे हैं, जिससे कालाबाजारी की आशंका बढ़ गई है। पेट्रोल पंप मालिक बोले- आपूर्ति प्रभावित पेट्रोल पंप संचालकों के मुताबिक आपूर्ति प्रभावित होने से समय पर डीजल और पेट्रोल नहीं पहुंच पा रहा है। आम जनता ने प्रशासन से जल्द पर्याप्त ईंधन उपलब्ध कराने और स्थिति सामान्य करने की मांग की है। पेट्रोल-डीजल की किल्लत बरकरार, हाहाकार… महराजगंज के हालात देखिए…


