दमोह जिले के जबेरा थाना क्षेत्र के गुबरा गांव में बुधवार रात पादरी समाज के दो पक्षों के बीच हुए विवाद में सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। यह विवाद एक महिला के घर से भागने को लेकर शुरू हुआ था, जिसके बाद दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर चाकू और धारदार हथियारों से हमला कर दिया। सभी घायलों को तत्काल जबेरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। इनमें से चार की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया है। जबेरा थाना पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, गुबरा गांव में पादरी समाज के दो परिवार झोपड़पट्टी बस्ती में साथ रहते हैं। कुछ दिन पहले एक परिवार की बहू घर से भाग गई थी। परिजनों को संदेह था कि साथ रहने वाले सदर पादरी के पति संतोष की इसमें भूमिका है। इसी शक के कारण दोनों परिवारों के बीच तनाव बना हुआ था। बुधवार रात यह मामूली विवाद हिंसक रूप में बदल गया। दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और एक-दूसरे पर चाकू व कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। इस हमले में केलवर पादरी, सेलबा पादरी, सलाबर, संजय और सदर पादरी सहित कुल सात लोग घायल हुए। घटना के समय जबलपुर से लौट रही 108 एंबुलेंस मौके से गुजरी। एंबुलेंस के ईएमटी अरविंद चमन और पायलट राममूर्ति मिश्रा ने सभी घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जबेरा पहुंचाया। चार गंभीर घायलों को जबलपुर रेफर किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के बीएमओ डॉ. डीके राय ने बताया कि सभी घायलों को प्राथमिक उपचार दिया गया। इनमें से चार की हालत गंभीर होने पर उन्हें बेहतर इलाज के लिए जबलपुर रेफर किया गया है। जबकि तीन का इलाज जबेरा में जारी है।
घटना की सूचना मिलते ही जबेरा पुलिस मौके पर पहुंची और अस्पताल में घायलों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


