राबड़ी देवी आवास (10 सर्कुलर रोड) खाली करने की कवायद तेज हो गई है। लालू यादव की बेटी और सांसद मीसा भारती ने कहा है कि 15 दिन में घर खाली कर देंगे। इसके बाद राबड़ी देवी कौटिल्य नगर (सांसद-विधायक कॉलोनी) में बन रहे अपने निजी घर को देखने गईं। चर्चा यह भी है कि कुछ-कुछ सामान 10 सर्कुलर रोड से कौटिल्य नगर वाले आवास ले जाए जा रहे हैं। इसी महीने शिफ्टिंग की तैयारी है। बंगला खाली करने के लिए सरकार ने लालू परिवार को 14 जून तक समय दिया है। राबड़ी देवी के नए बंगले की क्या स्थिति है? वह सरकारी बंगले को छोड़कर निजी आवास में रहने क्यों जा रही हैं? पढ़िए खास रिपोर्ट..। सबसे पहले जानिए क्या है लालू यादव के कौटिल्य नगर वाले बंगले की हालत हमने कौटिल्य नगर जाकर लालू यादव के बन रहे बंगले को देखा। यह घर सज-धजकर तैयार हो रहा है। बाहर से डेंटिंग-पेंटिंग हो गई है। अंदर काम चल रहा है। मजदूर तेजी से इसे लालू परिवार के रहने लायक बना रहे हैं। वजह समय कम है। लॉन में बालू और मिट्टी आदि गिरा हुआ है। परिसर की साफ-सफाई बाकी है। कई जगहों पर गड्ढे हैं। बाउंड्रीवाल कुछ जगहों पर टीन की है। सुरक्षाकर्मियों और कर्मचारियों के रहने के लिए बने कमरों को दुरुस्त किया जा रहा है। बाउंड्रीवाल ऊंची है, लेकिन बाहर की तरफ से उन पर प्लास्टर नहीं किया गया है। मुख्य गेट के बाहर भी बालू और सीमेंट गिरा है। बंगले को सफेद और पीले रंग से रंगा गया है। गेट अभी पूरी तरह तैयार नहीं हुआ है। यहां टीन की चादर से काम चलाऊ गेट बनाकर लगाया गया है। दो मंजिला बंगला में हैं 5 बड़े कमरे
लालू यादव का नया घर 5 सरकारी आवास को मिलाकर बनाया गया है। दो मंजिला बंगले में 5 बड़े कमरे और दो बड़े हॉल हैं। घर के बाहर एक बड़ा गार्डन एरिया भी है। यहां फिलहाल निर्माण कार्य चल रहा है। घर पूरी तरह तैयार होने के बाद गार्डन एरिया को आकर्षक रूप दिया जाएगा। आवास के सामने गायों का बड़ा तबेला है। क्यों सरकारी बंगला छोड़कर निजी आवास जाएंगी राबड़ी देवी वजह 1- लालू परिवार यह दिखाने की कोशिश करेगा कि उसे सरकारी बंगले से कोई मोह नहीं है। सरकार अगर 10 सर्कुलर रोड वाले बंगले से निकाल रही है तो वे किसी और सरकारी आवास को स्वीकार करने की जगह अपने घर में रहना पसंद करेंगे। दरअसल, बंगला खाली कराए जाने का विरोध करने पर CM सम्राट चौधरी ने कहा है कि लालू परिवार को बंगले से मोह हो गया है। निजी घर में जाकर राबड़ी जवाब देंगी कि उनके परिवार को सरकारी बंगले का मोह नहीं है। वजह 2- लालू यादव का परिवार बड़ा है। उनके 9 बच्चे (7 बेटी, 2 बेटा) हैं। उनकी शादी हो गई है। लालू यादव की बेटियां अपने बच्चों के साथ आकर रहती हैं। ऐसे में परिवार के सभी सदस्यों के साथ रहने के लिए ज्यादा जगह की जरूरत है। 10 सर्कुलर रोड आवास आकार में बड़ा है। लालू परिवार ने इसे अपने रहने के हिसाब से व्यवस्थित किया है। सरकार ने राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड बंगला अलॉट किया है। यह इतना बड़ा नहीं कि परिवार के सभी लोग आराम से रह सकें। इस आवास का जिक्र लालू-लीला में भी खूब कौटिल्य नगर में जिस जमीन पर लालू यादव ने बंगला बनवाया है वह मूल रूप से वेटनरी कॉलेज की थी। 1916 में यह जमीन पटना यूनिवर्सिटी के लिए ली गई थी। 1987 में यहां की 15 एकड़ सरकारी जमीन बिहार सांसद एवं विधान मंडलीय सदस्य सहकारी समिति को दी गई। मकसद MP-MLA को घर बनाने के लिए जमीन देना था। नियम था कि एक व्यक्ति को एक प्लॉट मिलेगा। 1992 में लालू यादव को प्लॉट संख्या 208 आवंटित हुआ। बाद में उन्होंने चार अतिरिक्त प्लॉट को अपनी जमीन से मिला लिया। इसकी कहानी दिवंगत नेता सुशील मोदी सुनाते थे। उन्होंने अपनी किताब लालू लीला में बताया है कि लालू यादव ने कैसे 5 प्लॉट मिलाकर एक कैम्पस बनाया। 14 जून तक राबड़ी को खाली करना है बंगला 25 नवंबर 2025 को सरकार ने राबड़ी देवी को आदेश दिया था कि आवास खाली कर दें, लेकिन बंगला खाली नहीं किया गया। इसके बाद 30 मई को सरकार ने राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड का बंगला खाली करने का नोटिस दिया था। उन्हें 15 दिनों की मोहलत दी गई थी। इसके अनुसार राबड़ी देवी को 14 जून तक बंगला खाली करना है। बंगला विवाद के बीच सरकार ने राबड़ी देवी की सुरक्षा घटा दी है। इसके जवाब में राबड़ी ने बिहार सरकार की सुरक्षा लौटा दी है। राबड़ी आवास की सुरक्षा राजद के कार्यकर्ता लाठी लेकर कर रहे हैं। दूसरी ओर राबड़ी आवास की सुरक्षा में तैनात किए गए बिहार पुलिस के जवान घर के बाहर वैन में रहकर ड्यूटी करने को मजबूर हैं। 2005 से 10 सर्कुलर रोड में रह रहा है लालू परिवार लालू परिवार 2005 से 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास में रह रहा है। विभाग के मुताबिक पिछले छह महीनों के दौरान कई बार आग्रह किया गया कि परिवार 39 हार्डिंग रोड स्थित नए आवास में स्थानांतरित हो जाए, लेकिन अब तक ऐसा नहीं हुआ। भवन निर्माण विभाग ने 10 सर्कुलर रोड बंगला डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन (पशुपालन) मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित किया है। राबड़ी देवी आवास (10 सर्कुलर रोड) खाली करने की कवायद तेज हो गई है। लालू यादव की बेटी और सांसद मीसा भारती ने कहा है कि 15 दिन में घर खाली कर देंगे। इसके बाद राबड़ी देवी कौटिल्य नगर (सांसद-विधायक कॉलोनी) में बन रहे अपने निजी घर को देखने गईं। चर्चा यह भी है कि कुछ-कुछ सामान 10 सर्कुलर रोड से कौटिल्य नगर वाले आवास ले जाए जा रहे हैं। इसी महीने शिफ्टिंग की तैयारी है। बंगला खाली करने के लिए सरकार ने लालू परिवार को 14 जून तक समय दिया है। राबड़ी देवी के नए बंगले की क्या स्थिति है? वह सरकारी बंगले को छोड़कर निजी आवास में रहने क्यों जा रही हैं? पढ़िए खास रिपोर्ट..। सबसे पहले जानिए क्या है लालू यादव के कौटिल्य नगर वाले बंगले की हालत हमने कौटिल्य नगर जाकर लालू यादव के बन रहे बंगले को देखा। यह घर सज-धजकर तैयार हो रहा है। बाहर से डेंटिंग-पेंटिंग हो गई है। अंदर काम चल रहा है। मजदूर तेजी से इसे लालू परिवार के रहने लायक बना रहे हैं। वजह समय कम है। लॉन में बालू और मिट्टी आदि गिरा हुआ है। परिसर की साफ-सफाई बाकी है। कई जगहों पर गड्ढे हैं। बाउंड्रीवाल कुछ जगहों पर टीन की है। सुरक्षाकर्मियों और कर्मचारियों के रहने के लिए बने कमरों को दुरुस्त किया जा रहा है। बाउंड्रीवाल ऊंची है, लेकिन बाहर की तरफ से उन पर प्लास्टर नहीं किया गया है। मुख्य गेट के बाहर भी बालू और सीमेंट गिरा है। बंगले को सफेद और पीले रंग से रंगा गया है। गेट अभी पूरी तरह तैयार नहीं हुआ है। यहां टीन की चादर से काम चलाऊ गेट बनाकर लगाया गया है। दो मंजिला बंगला में हैं 5 बड़े कमरे
लालू यादव का नया घर 5 सरकारी आवास को मिलाकर बनाया गया है। दो मंजिला बंगले में 5 बड़े कमरे और दो बड़े हॉल हैं। घर के बाहर एक बड़ा गार्डन एरिया भी है। यहां फिलहाल निर्माण कार्य चल रहा है। घर पूरी तरह तैयार होने के बाद गार्डन एरिया को आकर्षक रूप दिया जाएगा। आवास के सामने गायों का बड़ा तबेला है। क्यों सरकारी बंगला छोड़कर निजी आवास जाएंगी राबड़ी देवी वजह 1- लालू परिवार यह दिखाने की कोशिश करेगा कि उसे सरकारी बंगले से कोई मोह नहीं है। सरकार अगर 10 सर्कुलर रोड वाले बंगले से निकाल रही है तो वे किसी और सरकारी आवास को स्वीकार करने की जगह अपने घर में रहना पसंद करेंगे। दरअसल, बंगला खाली कराए जाने का विरोध करने पर CM सम्राट चौधरी ने कहा है कि लालू परिवार को बंगले से मोह हो गया है। निजी घर में जाकर राबड़ी जवाब देंगी कि उनके परिवार को सरकारी बंगले का मोह नहीं है। वजह 2- लालू यादव का परिवार बड़ा है। उनके 9 बच्चे (7 बेटी, 2 बेटा) हैं। उनकी शादी हो गई है। लालू यादव की बेटियां अपने बच्चों के साथ आकर रहती हैं। ऐसे में परिवार के सभी सदस्यों के साथ रहने के लिए ज्यादा जगह की जरूरत है। 10 सर्कुलर रोड आवास आकार में बड़ा है। लालू परिवार ने इसे अपने रहने के हिसाब से व्यवस्थित किया है। सरकार ने राबड़ी देवी को 39 हार्डिंग रोड बंगला अलॉट किया है। यह इतना बड़ा नहीं कि परिवार के सभी लोग आराम से रह सकें। इस आवास का जिक्र लालू-लीला में भी खूब कौटिल्य नगर में जिस जमीन पर लालू यादव ने बंगला बनवाया है वह मूल रूप से वेटनरी कॉलेज की थी। 1916 में यह जमीन पटना यूनिवर्सिटी के लिए ली गई थी। 1987 में यहां की 15 एकड़ सरकारी जमीन बिहार सांसद एवं विधान मंडलीय सदस्य सहकारी समिति को दी गई। मकसद MP-MLA को घर बनाने के लिए जमीन देना था। नियम था कि एक व्यक्ति को एक प्लॉट मिलेगा। 1992 में लालू यादव को प्लॉट संख्या 208 आवंटित हुआ। बाद में उन्होंने चार अतिरिक्त प्लॉट को अपनी जमीन से मिला लिया। इसकी कहानी दिवंगत नेता सुशील मोदी सुनाते थे। उन्होंने अपनी किताब लालू लीला में बताया है कि लालू यादव ने कैसे 5 प्लॉट मिलाकर एक कैम्पस बनाया। 14 जून तक राबड़ी को खाली करना है बंगला 25 नवंबर 2025 को सरकार ने राबड़ी देवी को आदेश दिया था कि आवास खाली कर दें, लेकिन बंगला खाली नहीं किया गया। इसके बाद 30 मई को सरकार ने राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड का बंगला खाली करने का नोटिस दिया था। उन्हें 15 दिनों की मोहलत दी गई थी। इसके अनुसार राबड़ी देवी को 14 जून तक बंगला खाली करना है। बंगला विवाद के बीच सरकार ने राबड़ी देवी की सुरक्षा घटा दी है। इसके जवाब में राबड़ी ने बिहार सरकार की सुरक्षा लौटा दी है। राबड़ी आवास की सुरक्षा राजद के कार्यकर्ता लाठी लेकर कर रहे हैं। दूसरी ओर राबड़ी आवास की सुरक्षा में तैनात किए गए बिहार पुलिस के जवान घर के बाहर वैन में रहकर ड्यूटी करने को मजबूर हैं। 2005 से 10 सर्कुलर रोड में रह रहा है लालू परिवार लालू परिवार 2005 से 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास में रह रहा है। विभाग के मुताबिक पिछले छह महीनों के दौरान कई बार आग्रह किया गया कि परिवार 39 हार्डिंग रोड स्थित नए आवास में स्थानांतरित हो जाए, लेकिन अब तक ऐसा नहीं हुआ। भवन निर्माण विभाग ने 10 सर्कुलर रोड बंगला डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन (पशुपालन) मंत्री नंदकिशोर राम को आवंटित किया है।


