पीलीभीत के बीसलपुर में प्रगतिशील बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) नागेंद्र पांडेय के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। अधिवक्ताओं ने एसडीएम के स्थानांतरण की मांग को लेकर तहसील परिसर में विरोध प्रदर्शन किया और अनिश्चितकालीन न्यायिक कार्य बहिष्कार का ऐलान किया है। यह विवाद अधिवक्ता अफजल यार खां की सीट को लेकर शुरू हुआ। अधिवक्ताओं का आरोप है कि परगनाधिकारी नागेंद्र पांडेय ने व्यक्तिगत रंजिश के चलते अधिवक्ता की सीट को जबरन तुड़वाकर फेंकवा दिया। इस घटना के बाद वकीलों में भारी आक्रोश फैल गया। बार अध्यक्ष अवनीश शुक्ला की अध्यक्षता में हुई एक आकस्मिक बैठक में सभी अधिवक्ताओं ने इस कृत्य की कड़ी निंदा की। प्रदर्शनकारी अधिवक्ताओं का कहना है कि यह पहली घटना नहीं है। एसडीएम नागेंद्र पांडेय पूर्व में भी कई अधिवक्ताओं के साथ अभद्र व्यवहार कर चुके हैं और अपनी मनमानी कार्यशैली के लिए चर्चा में रहे हैं। अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रशासनिक अधिकारी जानबूझकर अधिवक्ताओं के सम्मान को ठेस पहुंचा रहे हैं। उनका कहना है कि एसडीएम न्यायिक और प्रशासनिक मर्यादाओं का उल्लंघन कर तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया है कि जब तक एसडीएम नागेंद्र पांडेय का बीसलपुर से स्थानांतरण नहीं हो जाता, तब तक समस्त अधिवक्ता न्यायिक कार्य का बहिष्कार करेंगे। विरोध स्वरूप तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। प्रगतिशील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अवनीश शुक्ला ने कहा, “अधिवक्ता समाज का अभिन्न अंग हैं, उनके साथ इस तरह का व्यवहार कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जब तक संबंधित अधिकारी को हटाया नहीं जाता, हमारी हड़ताल और प्रदर्शन जारी रहेगा।”


