अरवल जिले के कुर्था प्रखंड क्षेत्र के न्यू मुबारकपुर स्थित भगवान बुद्ध की आदमकद प्रतिमा स्थल पर शुक्रवार को बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर आर्यक संघ द्वारा एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने भगवान बुद्ध को श्रद्धापूर्वक नमन किया। कार्यक्रम में लोगों ने भगवान बुद्ध की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए और उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने भगवान बुद्ध के जीवन, उनके उपदेशों तथा अहिंसा, करुणा और सत्य के सिद्धांतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में भगवान बुद्ध के विचारों की प्रासंगिकता और भी बढ़ गई है। समाज में शांति, भाईचारा और सद्भाव बनाए रखने के लिए उनके आदर्शों को अपनाना आवश्यक है। जगदेव बाबू के विचारों और सामाजिक न्याय पर चर्चा इस अवसर पर सामाजिक न्याय के प्रणेता जगदेव बाबू के सपनों को भी याद किया गया। वक्ताओं ने बताया कि जगदेव बाबू ने समानता और शोषणमुक्त समाज की परिकल्पना की थी, जिसे साकार करने के लिए एकजुट होकर कार्य करना होगा। उनके विचार आज भी समाज को दिशा दे रहे हैं। कार्यक्रम में बबिता कुमारी, भोला देहाती, कृष्ण प्रसाद दिवाकर, महेश सिंह, प्रशांत कुमार और गौतम धीरज सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बुद्ध वंदना की और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया। अंत में आयोजकों ने उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों के आयोजन का संकल्प दोहराया। अरवल जिले के कुर्था प्रखंड क्षेत्र के न्यू मुबारकपुर स्थित भगवान बुद्ध की आदमकद प्रतिमा स्थल पर शुक्रवार को बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर आर्यक संघ द्वारा एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने भगवान बुद्ध को श्रद्धापूर्वक नमन किया। कार्यक्रम में लोगों ने भगवान बुद्ध की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए और उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। वक्ताओं ने भगवान बुद्ध के जीवन, उनके उपदेशों तथा अहिंसा, करुणा और सत्य के सिद्धांतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में भगवान बुद्ध के विचारों की प्रासंगिकता और भी बढ़ गई है। समाज में शांति, भाईचारा और सद्भाव बनाए रखने के लिए उनके आदर्शों को अपनाना आवश्यक है। जगदेव बाबू के विचारों और सामाजिक न्याय पर चर्चा इस अवसर पर सामाजिक न्याय के प्रणेता जगदेव बाबू के सपनों को भी याद किया गया। वक्ताओं ने बताया कि जगदेव बाबू ने समानता और शोषणमुक्त समाज की परिकल्पना की थी, जिसे साकार करने के लिए एकजुट होकर कार्य करना होगा। उनके विचार आज भी समाज को दिशा दे रहे हैं। कार्यक्रम में बबिता कुमारी, भोला देहाती, कृष्ण प्रसाद दिवाकर, महेश सिंह, प्रशांत कुमार और गौतम धीरज सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर बुद्ध वंदना की और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया। अंत में आयोजकों ने उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों के आयोजन का संकल्प दोहराया।


