ऋषिकुल ब्रह्मचर्याश्रम कॉलेज में दो दिवसीय प्रवेशोत्सव व पूर्व-स्नातक सम्मेलन का समापन रविवार को हुआ। इस दौरान सांस्कृतिक, प्रेरणादायी अनुभवों और काव्य संध्या का आयोजन किया गया। शनिवार रात को हुए विराट कवि सम्मेलन की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. भवानी शंकर शर्मा ने की। मुख्य अतिथि पूर्व स्नातक सांवरमल शर्मा थे। विशिष्ट अतिथि मनीष चांडक थे। सोहनलाल चौधरी ने सरस्वती वंदना से कवि सम्मेलन का शुभारंभ किया। सूरत अजनबी ने हास्य-व्यंग्य से श्रोताओं को खूब गुदगुदाया। महेश डांगरा और हिम्मत सिंह ने देशभक्ति और वीरता से ओत-प्रोत कविताएं प्रस्तुत कर उपस्थितजनों को आनंदित कर दिया। प्रहलाद सिंह झोरड़ा ने राजस्थानी गीतों की प्रस्तुतियां दी। रविवार को सुबह के सत्र में एकांकी नाटक, योग नृत्य और पूर्व-स्नातकों के अनुभव साझा करने सहित अनेक कार्यक्रम हुए। इस दौरान नवागंतुक विद्यार्थी कार्यक्रम के प्रेरणा-स्रोत बने। समापन सत्र में सामूहिक देश भक्ति गायन और पिरामिड प्रदर्शन किया गया। प्राचार्य डॉ. शर्मा ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। व्यवस्थापक ईश्वरसिंह राठौड़ ने आभार जताया। संचालन कवि गजेंद्र सिंह कविया ने किया। कार्यक्रम में प्रतिभाओं का सम्मान भी किया गया।


