नई सरकार के गठन के साथ ही प्रशासनिक महकमा पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। विधि-व्यवस्था को लेकर सख्ती बढ़ा दी गई है। इसी क्रम में शुक्रवार की सुबह औरंगाबाद जिला प्रशासन ने मंडल कारा में औचक निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था की हकीकत परखी। जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा एवं पुलिस अधीक्षक अंबरीष राहुल के संयुक्त नेतृत्व में यह निरीक्षण किया गया, जिससे जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, लाइन डीएसपी, ट्रैफिक डीएसपी सहित लगभग 230 पुलिस बल के जवान मौजूद रहे। भारी संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी ने पूरे जेल परिसर को सुरक्षा के घेरे में ले लिया। टीम ने मंडल कारा के पुरुष एवं महिला वार्डों का एक घंटे तक गहन निरीक्षण किया। इसके साथ ही रसोईघर, कारा अस्पताल और पूरे परिसर का बारीकी से जायजा लिया गया। बैरक से आपत्तिजनक सामान बरामद तलाशी के दौरान बैरक से पिलास, दो पेंचकस, लोहे का छोटा टुकड़ा, खाली चुनौटी और टीन का टुकड़ा मिला है। इन वस्तुओं की बरामदगी ने जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बरामद सामग्री को जब्त कर लिया गया है। संबंधित अधिकारियों को आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस दौरान मंडल कारा अधीक्षक दीपक कुमार, प्रभारी उपाधीक्षक संजीव कुमार और कक्षपाल भी मौजूद रहे। उन्होंने जांच में सहयोग किया।
जेल प्रशासन को सख्त निर्देश निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने कारा प्रशासन को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जेल की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाए। नियमित रूप से सघन तलाशी अभियान चलाया जाए। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही बंदियों के लिए स्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य आवश्यक सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मंडल कारा, औरंगाबाद में विधि-व्यवस्था और सुरक्षा के सभी मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। इस औचक निरीक्षण के बाद जेल परिसर में हड़कंप का माहौल है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। नई सरकार के गठन के साथ ही प्रशासनिक महकमा पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। विधि-व्यवस्था को लेकर सख्ती बढ़ा दी गई है। इसी क्रम में शुक्रवार की सुबह औरंगाबाद जिला प्रशासन ने मंडल कारा में औचक निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था की हकीकत परखी। जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा एवं पुलिस अधीक्षक अंबरीष राहुल के संयुक्त नेतृत्व में यह निरीक्षण किया गया, जिससे जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, लाइन डीएसपी, ट्रैफिक डीएसपी सहित लगभग 230 पुलिस बल के जवान मौजूद रहे। भारी संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी ने पूरे जेल परिसर को सुरक्षा के घेरे में ले लिया। टीम ने मंडल कारा के पुरुष एवं महिला वार्डों का एक घंटे तक गहन निरीक्षण किया। इसके साथ ही रसोईघर, कारा अस्पताल और पूरे परिसर का बारीकी से जायजा लिया गया। बैरक से आपत्तिजनक सामान बरामद तलाशी के दौरान बैरक से पिलास, दो पेंचकस, लोहे का छोटा टुकड़ा, खाली चुनौटी और टीन का टुकड़ा मिला है। इन वस्तुओं की बरामदगी ने जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बरामद सामग्री को जब्त कर लिया गया है। संबंधित अधिकारियों को आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस दौरान मंडल कारा अधीक्षक दीपक कुमार, प्रभारी उपाधीक्षक संजीव कुमार और कक्षपाल भी मौजूद रहे। उन्होंने जांच में सहयोग किया।
जेल प्रशासन को सख्त निर्देश निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने कारा प्रशासन को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जेल की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाए। नियमित रूप से सघन तलाशी अभियान चलाया जाए। किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही बंदियों के लिए स्वच्छता, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य आवश्यक सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मंडल कारा, औरंगाबाद में विधि-व्यवस्था और सुरक्षा के सभी मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। इस औचक निरीक्षण के बाद जेल परिसर में हड़कंप का माहौल है और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है।


