किशनगंज शिक्षा विभाग ने मृत शिक्षक को भेजा नोटिस:ई-शिक्षाकोष पोर्टल में नाम रहने से हुई चूक, 2025 में ही हो चुकी है मृत्यु

किशनगंज शिक्षा विभाग ने मृत शिक्षक को भेजा नोटिस:ई-शिक्षाकोष पोर्टल में नाम रहने से हुई चूक, 2025 में ही हो चुकी है मृत्यु

किशनगंज के बहादुरगंज शिक्षा विभाग ने एक मृत शिक्षक को कारण बताओ नोटिस भेजकर अपनी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह नोटिस लोहागाढ़ा मिडिल स्कूल के मरहूम शिक्षक फैयाज आलम को भेजा गया है। दरअसल, शिक्षक फैयाज आलम की जुलाई 2025 में एक सड़क हादसे में मौत हो चुकी थी। इस घटना के बाद उनके साथी शिक्षकों में विभाग की इस चूक को लेकर गहरा दुख और नाराजगी है। BEO बोले- नाम रह जाने से हुई गलती मामले पर जानकारी देते हुए प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मृणाल सेन ने बताया कि यह गलती “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” में फैयाज आलम का नाम रह जाने के कारण हुई। प्रखंड शिक्षा विभाग के कर्मियों ने स्वीकार किया कि यह मानवीय भूल थी और उन्हें फैयाज आलम की मृत्यु याद नहीं रही। BEO मृणाल सेन ने आगे बताया कि इस गलती को सुधारने के लिए जिला टीम को पोर्टल से नाम संशोधित करने के लिए भेज दिया गया है, ताकि भविष्य में ऐसी कोई चूक न हो। इस घटना के बाद जिले भर में विभाग की कार्यप्रणाली पर व्यापक चर्चा हो रही है। “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” एकीकृत डिजिटल मंच उल्लेखनीय है कि “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” बिहार सरकार का एक एकीकृत डिजिटल मंच है। इसका उद्देश्य सरकारी स्कूलों में शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति, वेतन, छुट्टी और मिड-डे मील की वास्तविक समय में निगरानी करना है। यह पोर्टल आधार-प्रमाणीकृत है और शिक्षकों के स्थानांतरण-पदस्थापन तथा डिजिटल सर्विस बुक के लिए अनिवार्य है। किशनगंज के बहादुरगंज शिक्षा विभाग ने एक मृत शिक्षक को कारण बताओ नोटिस भेजकर अपनी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह नोटिस लोहागाढ़ा मिडिल स्कूल के मरहूम शिक्षक फैयाज आलम को भेजा गया है। दरअसल, शिक्षक फैयाज आलम की जुलाई 2025 में एक सड़क हादसे में मौत हो चुकी थी। इस घटना के बाद उनके साथी शिक्षकों में विभाग की इस चूक को लेकर गहरा दुख और नाराजगी है। BEO बोले- नाम रह जाने से हुई गलती मामले पर जानकारी देते हुए प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी मृणाल सेन ने बताया कि यह गलती “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” में फैयाज आलम का नाम रह जाने के कारण हुई। प्रखंड शिक्षा विभाग के कर्मियों ने स्वीकार किया कि यह मानवीय भूल थी और उन्हें फैयाज आलम की मृत्यु याद नहीं रही। BEO मृणाल सेन ने आगे बताया कि इस गलती को सुधारने के लिए जिला टीम को पोर्टल से नाम संशोधित करने के लिए भेज दिया गया है, ताकि भविष्य में ऐसी कोई चूक न हो। इस घटना के बाद जिले भर में विभाग की कार्यप्रणाली पर व्यापक चर्चा हो रही है। “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” एकीकृत डिजिटल मंच उल्लेखनीय है कि “ई-शिक्षाकोष पोर्टल” बिहार सरकार का एक एकीकृत डिजिटल मंच है। इसका उद्देश्य सरकारी स्कूलों में शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति, वेतन, छुट्टी और मिड-डे मील की वास्तविक समय में निगरानी करना है। यह पोर्टल आधार-प्रमाणीकृत है और शिक्षकों के स्थानांतरण-पदस्थापन तथा डिजिटल सर्विस बुक के लिए अनिवार्य है।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *