जींद जिले की उचाना सीट से भाजपा विधायक देवेंद्र चतरभुज अत्री सुरबरा गांव में संत शिरोमणि सतगुरु कबीर साहेब के 629वें प्रकट दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर पहुंचे। इस अवसर पर उन्होंने 10वीं और 12वीं कक्षा में मेरिट प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया। विधायक ने आमजन को कबीर साहेब के दिखाए मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हुए कहा कि महापुरुष किसी एक जाति के नहीं, बल्कि सर्वसमाज के होते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि महापुरुषों की जयंती मनाने की शुरुआत भाजपा के 2014 में सत्ता में आने के बाद हुई। इस दौरान उन्होंने पूर्व केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह का नाम लिए बिना उन पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि एक परिवार 40 साल तक उचाना से राजनीति करता रहा, जिसने कभी मुख्यमंत्री बनने तो कभी कोई और सपना दिखाकर हलके के लोगों को बेवकूफ बनाया। विधायक ने दावा किया कि उचाना के लोगों ने साहस दिखाते हुए एक साधारण परिवार के बेटे को, जिसे भाजपा ने उम्मीदवार बनाया था, आशीर्वाद देकर विधानसभा भेजा। ‘थोड़ा वहम बाकी है, जो अगले चुनाव में निकल जाएगा’ अत्री ने आगे कहा कि इस परिवार को आज भी थोड़ा वहम बाकी है, जो अगले चुनाव में निकल जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि वे आज भी घमंड और अहंकार में हैं। विधायक ने कहा, “उचाना के लोग गर्दन का सरिया जल्दी निकालते हैं।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इन लोगों ने तानाशाह बनकर काम किया। विधायक अत्री ने पुरानी परिस्थितियों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले लोगों को दिल्ली और चंडीगढ़ जाना पड़ता था। उन्होंने अपनी कार्यशैली का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी कोशिश रहती है कि वे हलके में 5 दिन लोगों के बीच रहें। उन्होंने कहा कि जो गरीब और जरूरतमंद व्यक्ति पहले उनके घर तक जाने की हिम्मत नहीं करते थे, आज वही लोग उनके ड्राइंग रूम और बेडरूम में बैठकर उनसे बात करते हैं। उन्होंने दावा किया कि उचाना के मतदाताओं ने उन्हें सबक सिखाते हुए घर बैठाने का काम किया है। ‘उनकी सरकार जनता के विश्वास के दम पर है’ अत्री ने विपक्ष पर भी हमला बोला और कहा कि उनके पास कोई मुद्दा नहीं है और वे ‘जीरो’ हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि देश की जनता राहुल गांधी की बातों को गंभीरता से नहीं लेती है। विधायक ने दावा किया कि हरियाणा में तीसरी बार भाजपा को सत्ता सौंपी गई है, जो भाजपा और एनडीए पर लोगों के विश्वास का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार जनता के विश्वास के दम पर है और ऐतिहासिक कार्य करके सत्ता में है। तीसरी बार सरकार में आने का मुख्य कारण बिना पर्ची और बिना खर्ची युवाओं को रोजगार मिलना है। पलाथी मार किया प्रसाद ग्रहण कार्यक्रम के बाद भंडारे में प्रसाद ग्रहण करने के लिए पहुंचे विधायक देवेंद्र चतरभुज अत्री को जब अलग से कार्यक्रम आयोजक कुर्सियों पर बैठाने के लिए लेकर जाने लगे तो विधायक ने साफ मना करते हुए आमजन के साथ भंडारे में पलाथी मार कर प्रसाद का ग्रहण किया। आमजन के बीच प्रसाद ग्रहण विधायक को करता देख विधायक की सादगी के चर्चे वहां के लोग करते नजर आए। दिव्यांग महिला दिखी तो उसके पास पहुंच सुनी समस्या कार्यक्रम सम्पन्न होने के बाद जब विधायक देवेंद्र चतरभुज अत्री अपनी गाड़ी की तरफ जा रहे थे तो वहां पर दिव्यांग महिला उन्हें नजर आई। विधायक उनसे मिलने के पहुंचे। महिला द्वारा पेंशन सहित अन्य जो-जो मांगे रखी उनको सुनते हुए जल्द से जल्द उनका समाधान का आश्वासन दिया। ऐसे ही सुरबरा गांव की बेटी द्वारा आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने पर पढ़ाई की इच्छा जताई तो विधायक ने कहा कि जहां तक बेटी पढ़ाई करना चाहे वो पढ़ाई करवा बेटी ने जो सपना पढ़ाई से पूरा करने के लिए देखा है उसे पूरा करवाएंगे।


