दमोह कलेक्टर और एसपी ने शनिवार दोपहर पथरिया ब्लॉक के चंपत पिपरिया गेहूं खरीदी केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें केंद्र पर कई अनियमितताएं मिलीं। किसानों ने कलेक्टर के सामने तुलाई के नाम पर पैसे लेने और अतिरिक्त अनाज वसूलने के आरोप लगाए, जिसके बाद कलेक्टर ने तत्काल एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी किसानों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी को कोई पैसा न दें। यदि कोई पैसे की मांग करता है तो इसकी सूचना तुरंत उन तक पहुंचाई जाए। इस निरीक्षण के दौरान अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। किसान श्रीराम पटेल ने आरोप लगाया कि चंपत पिपरिया गेहूं खरीदी केंद्र पर किसानों से तुलाई के नाम पर अधिक गेहूं लिया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि पल्लेदारी के नाम पर 100 रुपए प्रति क्विंटल की वसूली की जा रही है और ऑपरेटर प्रवीण दुबे किसानों से पैसे वसूल रहा है। इसी प्रकार, किसान वृंदावन पटेल ने जानकारी दी कि प्रत्येक किसान से 5 किलो अतिरिक्त गेहूं लिया जा रहा है। शिकायतें मिलने के बाद, कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने नरसिंहगढ़ चौकी प्रभारी अभिषेक पटेल को बुलाकर वेयरहाउस मालिक विशाल पटेल, समिति प्रबंधक अशोक पटेल, ऑपरेटर प्रवीण दुबे और चौकीदार पर एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए। एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने भी तत्काल चौकी प्रभारी को बुलाकर दो लोगों को चौकी भिजवाया। इस दौरान खाद्य अधिकारी पथरिया प्रिया कोस्टा भी मौके पर मौजूद थीं। कलेक्टर बोले- लापरवाही बर्दाश्त नहीं
कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि जब वह पिपरिया चंपत खरीदी केंद्र पहुंचे तो उन्होंने किसानों से एकांत में चर्चा की। किसानों ने बताया की तुलाई के अलग से पैसे लिए जा रहे हैं जबकि शासन ने निर्धारित किया है कि किसानों से कोई पैसा अलग से नहीं लिया जाएगा। किसानों ने यह भी बताया कि अन्य व्यक्ति सैंपल के नाम पर 5 किलो गेहूं अतिरिक्त ले रहे हैं। इसी तरह वेयरहाउस मलिक पल्लेदारों से मिलकर अधिक मात्रा में तोल करने का प्रयास कर रहे हैं। इसके अलावा पर्ची भी समय पर नहीं दी जा रही। तुरंत एफआईआर के निर्देश जब उन्होंने कंप्यूटर पर पहुंच कर देखा तो ऑपरेटर 24 अप्रैल की पर्ची 2 मई को बना रहे थे। यह गलत बात है। पिछले दिनों बैठक ली गई थी और निर्देश भी दिए गए थे, लेकिन आज उन निर्देशों का पालन नहीं हुआ। हमारे सामने समस्या आई तो तत्काल एफआईआर के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा जिन लोगों की यहां ड्यूटी लगी थी उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है। कलेक्टर ने कहा कि समिति प्रबंधक ने भी लापरवाही की है जो अपने अधीनस्थों पर कंट्रोल नहीं रखा। किसानों से अलग से पैसे लेने के लिए प्रेरित किया है। इनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सभी किसानों से अपील है कि वह कहीं कोई भी पैसा ना दें और यदि कोई व्यक्ति पैसा मांगता है तो इसकी सूचना प्रशासन को जरूर पहुंचाएं।


