नयी दिल्ली, दो नवंबर सार्वजनिक क्षेत्र की इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल ने नवंबर से शुरू होने वाले तीन महीने की अवधि के लिए 15 करोड़ लीटर बायोडीजल की खरीद हेतु बोलियां आमंत्रित की हैं। इसके लिए 88 रुपये प्रति लीटर का आधार मूल्य तय किया गया है। सरकारी तेल विपणन कंपनियां (ओएमसी) इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन, भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल)नवीकरणीय ईंधन की खरीद को बढ़ावा दे रही हैं।
तीनों कंपनियों ने 30 अक्टूबर को जारी एक संयुक्त निविदा में नवंबर, 2026 से जनवरी, 2027 के लिए 1,50,000 किलोलीटर बायोडीजल या बी100 की आपूर्ति मांगी है। इसके लिए बोलियां जमा करने की अंतिम तिथि सात नवंबर है। यह खरीद इस्तेमाल हो चुके कुकिंग ऑयल (यूसीओ) और गैर-यूसीओ स्रोतों सहित अन्य कच्चे माल से तैयार बायोडीजल के लिए है।
इसकी आपूर्ति देश भर में ओएमसी के 85 ठिकानों पर की जाएगी। तेल विपणन कंपनियां भारत की आयातित कच्चे तेल पर निर्भरता को कम करने और आयात बिल को घटाने के लिए जीवाश्म ईंधन के साथ घरेलू स्तर पर उत्पादित कम कार्बन वाले ईंधनों के मिश्रण को बढ़ाना चाहती हैं। पेट्रोल में 20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रण का लक्ष्य हासिल करने के बाद भारत अब डीजल में बायोडीजल के इस्तेमाल को तेज करने पर विचार कर रहा है।
बायोडीजल वनस्पति तेलों, पशु वसा, इस्तेमाल हो चुके कुकिंग ऑयल और अन्य फीडस्टॉक के प्रसंस्करण से तैयार एक नवीकरणीय ईंधन है। इसे पारंपरिक डीजल के साथ मिलाया जा सकता है, जिससे तेल कंपनियों को जीवाश्म ईंधन की खपत के एक हिस्से को नवीकरणीय विकल्पों से बदलने का रास्ता मिलता है। कच्चे माल के रूप में इस्तेमाल हुए कुकिंग ऑयल का उपयोग कचरे को ईंधन में बदलता ही है, साथ ही रेस्तरां, होटलों और खाद्य व्यवसायों से छोड़े गए कुकिंग ऑयल के संग्रह और प्रसंस्करण को भी बढ़ावा देता है।
यह ताजा निविदा घरेलू बायोडीजल निर्माताओं और फीडस्टॉक आपूर्तिकर्ताओं के लिए एक बड़ा अवसर है, जिसमें तय आधार मूल्य तीन महीने के लिए खरीद मूल्य पर अधिक स्पष्टता देता है। निर्धारित दर पर परिवहन और जीएसटी को छोड़कर पूरे 15 करोड़ लीटर का न्यूनतम मूल्य 1,320 करोड़ रुपये है।

