हरदा में पूर्व मंत्री कमल पटेल की जनसुनवाई में बेरोजगार युवक-युवतियों ने रोजगार के नाम पर धोखाधड़ी की शिकायत की है। पीड़ितों ने बताया कि सर्व शिक्षा मिशन के तहत नौकरी दिलाने का झांसा देकर प्रदेशभर के 3200 से अधिक युवाओं से करीब 10 लाख रुपए ठगे गए हैं। पूर्व मंत्री ने पुलिस से मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के लिए कहा है। शिकायतकर्ता गणेश चौहान और कंचन लोनिया ने बताया कि कुछ अखबारों में ‘ग्लोबल ह्यूमन एम्पावरमेंट एंड डेवलपमेंट फाउंडेशन’ और ‘ग्लोबल हेड फाउंडेशन’ के नाम से विज्ञापन प्रकाशित हुए थे। इनमें बिना पलायन किए अपने ही गांव या शहर में रोजगार देने का दावा किया गया था। पूरे प्रदेश से युवाओं से पंजीयन शुल्क लिया
ग्राम मोहनपुर निवासी संस्था के डायरेक्टर वीरेंद्र मालवीय और उनकी पत्नी ज्योति मालवीय पर आरोप है कि उन्होंने प्रति व्यक्ति 290 रुपए पंजीकरण शुल्क के रूप में पूरे प्रदेश के 3200 से अधिक बेरोजगार युवाओं से जमा कराए। कुछ युवाओं से दो महीने तक काम भी करवाया गया, लेकिन उन्हें वेतन नहीं दिया गया। अब संस्था के लोग पीड़ितों के फोन भी नहीं उठा रहे हैं। इस संबंध में पीड़ितों ने पहले कलेक्टर की जनसुनवाई में भी शिकायत की थी, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल पाया था। टीमों को टारगेट दे दिया गया था
संस्था ने 18 फरवरी 2026 से रीजनल प्रोग्राम मैनेजर, जिला प्रोग्राम मैनेजर, ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर और एफएम यूनिट मैनेजर जैसे पदों के लिए हरदा, बैतूल, नर्मदापुरम, खंडवा और बुरहानपुर को कार्यक्षेत्र बताया था। उन्हें यह भी आश्वासन दिया गया था कि पूरे मध्य प्रदेश में कार्य शुरू हो रहा है और यह मध्य प्रदेश शासन के साथ मिलकर किया जा रहा है। भरोसे के आधार पर लगभग 40-50 दिनों तक काम चला। इसके बाद प्रत्येक जिले में जिला और ब्लॉक स्तर पर कार्यरत टीमों को एक-एक लक्ष्य (टारगेट) दे दिया गया। इसी आधार पर उनकी सैलरी रोक दी गई। पीड़ितों ने मांग की कि इस मामले को संज्ञान में लेकर संस्था के संबंधित अधिकारियों से बात की जाए और सभी व्यक्तियों को उनका रिफंड उपलब्ध करवाया जाए। वहीं इस मामले को लेकर वीरेंद्र मालवीय से संपर्क करना चाहा लेकिन बात नहीं हो सकी।


