Rajasthan Expressway: जयपुर. उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी की अध्यक्षता में आयोजित राजस्थान स्टेट रोड डेवलपमेंट एंड कंस्ट्रक्शन कॉर्पोरेशन (RSRDC) की 131वीं बोर्ड बैठक में राज्य की महत्वपूर्ण सड़क एवं एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं को गति देने के लिए कई बड़े फैसले लिए गए। बैठक में एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं के लिए 4 हजार 938 करोड़ रुपए के ऋण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई। यह स्वीकृति मुख्य रूप से कोटपुतली–किशनगढ़ तथा ब्यावर–भरतपुर एक्सप्रेस-वे परियोजनाओं के भूमि अधिग्रहण और निर्माण कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाने के उद्देश्य से दी गई है।
जयपुर में आयोजित इस बैठक के दौरान उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि राज्य में सड़क अवसंरचना को मजबूत बनाना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क परियोजनाओं के निर्माण में केवल लागत ही नहीं बल्कि उनकी उपयोगिता और आमजन को मिलने वाले लाभ को भी प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि ऐसी परियोजनाएं विकसित की जानी चाहिए जो लंबे समय तक जनता के लिए सुविधाजनक और लाभकारी साबित हों।
नसीराबाद–सरवाड़–केकड़ी–देवली सड़क (SH-26) के अपग्रेडेशन और केकड़ी बाईपास निर्माण को भी मंजूरी
बैठक में नसीराबाद–सरवाड़–केकड़ी–देवली सड़क (SH-26) के अपग्रेडेशन और केकड़ी बाईपास निर्माण को भी मंजूरी दी गई। इस परियोजना के तहत सड़क को दो लेन से चार लेन में विकसित किया जाएगा। इसके लिए 460 करोड़ रुपए के ऋण प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की गई है। माना जा रहा है कि इस परियोजना से क्षेत्रीय यातायात को बड़ी राहत मिलेगी और परिवहन व्यवस्था अधिक सुगम होगी।
इसके अलावा गोटन–बिलाड़ा–पुण्डल सड़क की मरम्मत परियोजना में भी संशोधन करते हुए ऋण राशि को 17 करोड़ रुपए से बढ़ाकर 27.87 करोड़ रुपए करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। इससे सड़क की गुणवत्ता सुधारने और बेहतर रखरखाव सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
कुल 33 नियमित और 2 अतिरिक्त प्रस्तावों को किया अनुमोदित
बैठक में वित्तीय वर्ष 2024-25 की बैलेंस शीट को अंतिम रूप देने के साथ कुल 33 नियमित और 2 अतिरिक्त प्रस्तावों को अनुमोदित किया गया। इस दौरान सार्वजनिक निर्माण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव प्रवीण गुप्ता, परिवहन विभाग के प्रमुख शासन सचिव भवानी सिंह देथा, वित्त विभाग की शासन सचिव टीना सोनी, सार्वजनिक निर्माण विभाग के शासन सचिव डी.आर. मेघवाल, सीई (भवन) सत्येन्द्र सिंह, आरएसआरडीसी के प्रबंध निदेशक सुनील जयसिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
राज्य सरकार के इन फैसलों को राजस्थान में सड़क कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को नई दिशा देने वाला कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में इन परियोजनाओं के पूरा होने से व्यापार, परिवहन और क्षेत्रीय विकास को भी बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है।


