गयाजी जिला परिषद को मिलेगा राष्ट्रीय पुरस्कार:अध्यक्ष नैना कुमारी 3 जून को भारत मंडपम में होंगी सम्मानित, बोलीं- सामूहिक प्रयास का रिजल्ट

गयाजी जिला परिषद को मिलेगा राष्ट्रीय पुरस्कार:अध्यक्ष नैना कुमारी 3 जून को भारत मंडपम में होंगी सम्मानित, बोलीं- सामूहिक प्रयास का रिजल्ट

गया जिला परिषद को ग्रामीण विकास और जनहित से जुड़े उत्कृष्ट कार्यों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चुना गया है। आगामी 3 जून 2026 को नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में गया जिला परिषद की अध्यक्ष नैना कुमारी को सम्मानित किया जाएगा। इस उपलब्धि को गया के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला परिषद अध्यक्ष नैना कुमारी ने इस सम्मान पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार केवल उनका नहीं, बल्कि पूरे गया जिले की जनता, जिला परिषद के सभी निर्वाचित सदस्यों, पदाधिकारियों और कर्मियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में सभी जनप्रतिनिधियों ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर जिले के विकास को प्राथमिकता दी और जनता की जरूरतों के अनुरूप योजनाओं को क्रियान्वित किया। ‘ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार काम किया’ नैना कुमारी ने जानकारी दी कि गया जिला परिषद ने ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार कार्य किया है। इनमें ग्रामीण सड़क निर्माण, गली-नली योजना, श्मशान घाटों का निर्माण एवं सुंदरीकरण, हाईमास्ट और स्ट्रीट लाइट की स्थापना, जर्जर सामुदायिक भवनों की मरम्मत, पुस्तकालयों का निर्माण तथा सैकड़ों यात्री शेडों का निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन योजनाओं का सीधा लाभ ग्रामीण जनता को मिल रहा है, जिससे गांवों में जीवन स्तर में सुधार आया है। उन्होंने आगे कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर मिला यह सम्मान गया जिला परिषद के कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता को दर्शाता है। ये पुरस्कार भविष्य में और अधिक जिम्मेदारी के साथ कार्य करने की प्रेरणा देगा। नैना कुमारी ने विश्वास जताया कि जिला परिषद जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरते हुए विकास कार्यों को नई गति प्रदान करती रहेगी। ‘शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर आवाज उठाते रहेंगे’ वहीं, अध्यक्ष के पति एवं समाजसेवी धर्मवीर गुप्ता उर्फ सरदार जी ने इस उपलब्धि को पूरे जिले के लिए गौरवपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विकास का यह सम्मान उन लाखों लोगों की उम्मीदों और विश्वास का प्रतीक है, जिन्होंने जिला परिषद के कार्यों पर भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर वे लगातार आवाज उठाते रहेंगे और जनता के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा। धर्मवीर गुप्ता ने जिले के लोगों से एकजुट रहने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी समस्या का समाधान सामूहिक प्रयासों से ही संभव है। उन्होंने कहा कि वे हमेशा जनता के साथ खड़े रहे हैं और आगे भी हर सुख-दुख में लोगों के साथ रहेंगे। उन्होंने बताया कि गया के अंबेडकर मार्केट क्षेत्र में एक विशाल और आधुनिक मॉल के निर्माण की योजना पर भी काम चल रहा है। उम्मीद है कि वर्तमान कार्यकाल के दौरान ही इस परियोजना का शिलान्यास कर दिया जाएगा। उनका दावा है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिलेगा, जिससे गया की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी। गौरतलब है कि ग्रामीण विकास के क्षेत्र में किए गए कार्यों के लिए मिलने वाला यह राष्ट्रीय सम्मान गया जिले की उपलब्धियों में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है। इससे न केवल बिहार बल्कि पूरे देश में गया जिला परिषद के विकास मॉडल की चर्चा होगी। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस सम्मान से जिले में चल रहे विकास कार्यों को और गति मिलेगी तथा आने वाले समय में गया राष्ट्रीय स्तर पर विकास की नई पहचान स्थापित करेगा। 3 जून को भारत मंडपम में होने वाला यह सम्मान समारोह निश्चित रूप से गया जिले के लिए गौरव का एक यादगार अवसर साबित होगा। गया जिला परिषद को ग्रामीण विकास और जनहित से जुड़े उत्कृष्ट कार्यों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चुना गया है। आगामी 3 जून 2026 को नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में गया जिला परिषद की अध्यक्ष नैना कुमारी को सम्मानित किया जाएगा। इस उपलब्धि को गया के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला परिषद अध्यक्ष नैना कुमारी ने इस सम्मान पर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार केवल उनका नहीं, बल्कि पूरे गया जिले की जनता, जिला परिषद के सभी निर्वाचित सदस्यों, पदाधिकारियों और कर्मियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में सभी जनप्रतिनिधियों ने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर जिले के विकास को प्राथमिकता दी और जनता की जरूरतों के अनुरूप योजनाओं को क्रियान्वित किया। ‘ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार काम किया’ नैना कुमारी ने जानकारी दी कि गया जिला परिषद ने ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए लगातार कार्य किया है। इनमें ग्रामीण सड़क निर्माण, गली-नली योजना, श्मशान घाटों का निर्माण एवं सुंदरीकरण, हाईमास्ट और स्ट्रीट लाइट की स्थापना, जर्जर सामुदायिक भवनों की मरम्मत, पुस्तकालयों का निर्माण तथा सैकड़ों यात्री शेडों का निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। इन योजनाओं का सीधा लाभ ग्रामीण जनता को मिल रहा है, जिससे गांवों में जीवन स्तर में सुधार आया है। उन्होंने आगे कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर मिला यह सम्मान गया जिला परिषद के कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता को दर्शाता है। ये पुरस्कार भविष्य में और अधिक जिम्मेदारी के साथ कार्य करने की प्रेरणा देगा। नैना कुमारी ने विश्वास जताया कि जिला परिषद जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरते हुए विकास कार्यों को नई गति प्रदान करती रहेगी। ‘शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर आवाज उठाते रहेंगे’ वहीं, अध्यक्ष के पति एवं समाजसेवी धर्मवीर गुप्ता उर्फ सरदार जी ने इस उपलब्धि को पूरे जिले के लिए गौरवपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि विकास का यह सम्मान उन लाखों लोगों की उम्मीदों और विश्वास का प्रतीक है, जिन्होंने जिला परिषद के कार्यों पर भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के रोजगार जैसे मुद्दों पर वे लगातार आवाज उठाते रहेंगे और जनता के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा। धर्मवीर गुप्ता ने जिले के लोगों से एकजुट रहने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी समस्या का समाधान सामूहिक प्रयासों से ही संभव है। उन्होंने कहा कि वे हमेशा जनता के साथ खड़े रहे हैं और आगे भी हर सुख-दुख में लोगों के साथ रहेंगे। उन्होंने बताया कि गया के अंबेडकर मार्केट क्षेत्र में एक विशाल और आधुनिक मॉल के निर्माण की योजना पर भी काम चल रहा है। उम्मीद है कि वर्तमान कार्यकाल के दौरान ही इस परियोजना का शिलान्यास कर दिया जाएगा। उनका दावा है कि इस परियोजना के पूरा होने के बाद प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिलेगा, जिससे गया की अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी। गौरतलब है कि ग्रामीण विकास के क्षेत्र में किए गए कार्यों के लिए मिलने वाला यह राष्ट्रीय सम्मान गया जिले की उपलब्धियों में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है। इससे न केवल बिहार बल्कि पूरे देश में गया जिला परिषद के विकास मॉडल की चर्चा होगी। स्थानीय लोगों का मानना है कि इस सम्मान से जिले में चल रहे विकास कार्यों को और गति मिलेगी तथा आने वाले समय में गया राष्ट्रीय स्तर पर विकास की नई पहचान स्थापित करेगा। 3 जून को भारत मंडपम में होने वाला यह सम्मान समारोह निश्चित रूप से गया जिले के लिए गौरव का एक यादगार अवसर साबित होगा।  

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