अजमेर। दिल्ली के मालवीय नगर क्षेत्र स्थित एक रेस्टोरेंट में बुधवार सुबह हुए भीषण अग्निकांड में राजस्थान के तीन लोगों की मौत हो गई। अजमेर के वृद्ध दंपती जंवरी लाल व कमला देवी और किशनगढ़ के 62 वर्षीय मार्बल व्यापारी अशोक अग्रवाल (पंसारी) की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में शोक की लहर दौड़ गई।
किशनगढ़ निवासी महेश पंसारी ने बताया कि लक्ष्मी विहार निवासी अशोक अग्रवाल अपने बुजुर्ग फूफा राधेश्याम अग्रवाल (70) को देखने के लिए दिल्ली गए हुए थे। राधेश्याम अग्रवाल इन दिनों मालवीय नगर क्षेत्र के एक अस्पताल में भर्ती है। अशोक अग्रवाल अपने कुछ रिश्तेदारों एवं मित्रों के साथ दिल्ली पहुंचे थे।
अस्पताल में मुलाकात के बाद रुक गए थे होटल में
महेश पंसारी ने बताया कि अशोक अग्रवाल ने 2 जून को अस्पताल पहुंचकर अपने फूफा का कुशलक्षेम जाना। इसके बाद उन्होंने 3 जून को किशनगढ़ लौटने की बात कहते हुए साथ आए रिश्तेदारों और मित्रों को वापस रवाना कर दिया। स्वयं वे मालवीय नगर स्थित रेस्टोरेंट के पहले से बुक कमरे में ठहर गए। बुधवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे रेस्टोरेंट में भीषण आग लग गई। आग तेजी से फैलने के कारण वहां ठहरे लोग इसकी चपेट में आ गए। हादसे में अशोक अग्रवाल की मौत हो गई।
कई राज्यों के लोग व विदेशी भी बने हादसे का शिकार
बताया जा रहा है कि दिल्ली अग्निकांड में करीब 21 लोगों की मौत हुई है, जबकि इससे अधिक लोग घायल हुए हैं। मृतकों में अग्रवाल परिवार के दिल्ली निवासी पांच सदस्य, अजमेर के गुलाबबाड़ी क्षेत्र का एक दम्पती और किशनगढ़ के मार्बल व्यापारी अशोक अग्रवाल भी शामिल बताए जा रहे हैं।
परिवार में पसरा मातम
आगजनी में अशोक अग्रवाल की मौत की खबर मिलते ही परिवारजनों और परिचितों में शोक व्याप्त हो गया। शहर के व्यापारिक एवं सामाजिक संगठनों से जुड़े लोगों ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। अशोक पंसारी की राजकीय शार्दूल स्कूल के पास वाली पंसारी की शॉप भी बंद रही। अशोक पंसारी के परिवार में उनकी पत्नी सरोजदेवी, दो बेटे, पुत्र वधु और पौत्र पौत्रियां भी है।
ऊपरी मंजिलों से कूदकर जान बचाई
बता दें दिल्ली के मालवीय नगर स्थित एक होटल में बुधवार सुबह हुए भीषण अग्निकांड के बाद कुछ लोग जान बचाने के लिए होटल की ऊपरी मंजिलों से कूद गए। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया है। संयुक्त अभियान के जरिए 40 से अधिक लोगों को इमारत से सुरक्षित बाहर निकालकर नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया।


