BRICS विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल नहीं होंगे चीन के विदेश मंत्री, बताई ये वजह

BRICS विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल नहीं होंगे चीन के विदेश मंत्री, बताई ये वजह

BRICS Summit in New Delhi: नई दिल्ली में 14-15 मई, 2026 को आयोजित होने जा रही ब्रिक्स विदेश मंत्रियों की बैठक में चीन के विदेश मंत्री वांग यी (Wang Yi) शामिल नहीं होंगे। मंगलवार (12 मई) को चीन के विदेश मंत्रालय ने इसकी पुष्टि की। उनकी जगह भारत में चीन के राजदूत शू फेइहोंग (Xu Feihong) बीजिंग की ओर से प्रतिनिधित्व करेंगे।

क्या है वजह?

चीन ने इसकी वजह कार्यक्रम संबंधी कारण बताई है। हालांकि, यह फैसला ऐसे समय में आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) 13 मई को चीन दौरे पर बीजिंग पहुंच रहे हैं। माना जा रहा है कि ट्रंप की यात्रा के दौरान वांग यी का बीजिंग में मौजूद रहना चीन की प्राथमिकता है।

ट्रंप के चीन दौरे का BRICS बैठक पर असर?

ट्रंप की चीन यात्रा और भारत में होने वाली ब्रिक्स बैठक का समय एक साथ पड़ना वैश्विक कूटनीति के लिहाज से बेहद जरूरी है। ऐसे में चीन ने अपने शीर्ष राजनयिक को बीजिंग में ही बनाए रखने का फैसला किया है। चीन के विदेश मंत्रालय ने अपने आधिकारिक बयान में कहा, कार्यक्रम संबंधी कारणों के चलते भारत में चीन के राजदूत शू फेइहोंग, विदेश मंत्री वांग यी का प्रतिनिधित्व करेंगे।

भारत के साथ मिलकर BRICS Plus सहयोग बढ़ाने पर जोर

चीनी विदेश मंत्रालय ने कहा कि वह ब्रिक्स अध्यक्ष के रूप में भारत के साथ मिलकर बैठक को सफल बनाने और ब्रिक्स प्लस (BRICS Plus) सहयोग को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए तैयार है। चीन ने अपने बयान में सदस्य देशों के बीच एकता, बहुपक्षीय सहयोग और वैश्विक साझेदारी को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।

एस. जयशंकर करेंगे बैठक की अध्यक्षता

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल (Randhir Jaiswal) ने साप्ताहिक प्रेस वार्ता में जानकारी दी कि 14-15 मई को होने वाली इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता विदेश मंत्री एस. जयशंकर (S. Jaishankar) करेंगे। उन्होंने बताया कि रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची समेत कई सदस्य और साझेदार देशों के प्रतिनिधिमंडल भारत पहुंचेंगे। सभी प्रतिनिधिमंडलों के प्रमुख प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी मुलाकात करेंगे।

वैश्विक मुद्दों और BRICS के भविष्य पर होगी चर्चा

रणधीर जायसवाल के अनुसार, बैठक में सदस्य देशों के बीच वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर विस्तृत चर्चा होगी। साथ ही BRICS समूह का भविष्य, वैश्विक शासन व्यवस्था में सुधार, बहुपक्षीय संस्थाओं की भूमिका, आर्थिक और रणनीतिक सहयोग, BRICS Plus विस्तार नीति पर भी विचार होगा।

BRICS बैठक पर दुनिया की नजर

भारत की अध्यक्षता में आयोजित हो रही यह बैठक वैश्विक राजनीति और कूटनीति के लिहाज से बेहद अहम मानी जा रही है। अमेरिका-चीन संबंध, पश्चिम एशिया संकट और BRICS के भीतर बढ़ते मतभेदों के बीच यह सम्मेलन आने वाले समय की वैश्विक रणनीति तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

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