फरीदकोट के कोटकपूरा में भारतीय जनता पार्टी के सीनियर नेता और पंजाब पब्लिक सर्विस कमीशन के पूर्व सदस्य भाई राहुल सिंह सिद्धू ने गेहूं खरीद के मानकों में राहत की देरी के लिए राज्य की आम आदमी पार्टी सरकार पर निशाना साधा। राहुल सिंह सिद्धू ने कहा कि राहत मांगने में खुद देरी करने वाले केंद्र सरकार को बेवजह बदनाम कर रहे है। शनिवार को पार्टी के जिला अध्यक्ष गौरव कक्कड़ की मौजूदगी में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान राहुल सिंह सिद्धू ने बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि के बाद गेहूं खरीद के मानकों में राहत देने के लिए केंद्र सरकार का आभार जताया।
पंजाब सरकार पर साधा निशाना राहुल सिंह सिद्धू ने कहा कि केंद्र द्वारा राहत दिए जाने के बावजूद राज्य के आप नेता केंद्र सरकार पर सवाल उठा रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि बारिश और ओलावृष्टि से हुए नुकसान के मामले में राज्य सरकार ने समय पर रिपोर्ट केंद्र को नहीं भेजी। राज्य सरकार ने नहीं फसल नुकसान की रिपोर्ट भाजपा नेता ने बताया कि इस प्राकृतिक आपदा का असर केवल पंजाब ही नहीं, बल्कि पूरे उत्तरी भारत में देखने को मिला, जिससे गेहूं की फसल को भारी नुकसान हुआ। उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार ने 2 अप्रैल और हरियाणा सरकार ने 4 अप्रैल को अपनी रिपोर्ट केंद्र सरकार को भेज दी थी, जिसके बाद वहां गेहूं खरीद मानकों में समय पर राहत मिल गई। देर से रिपोर्ट भेजने पर उठाए सवाल वहीं पंजाब सरकार ने 9 अप्रैल को रिपोर्ट भेजी, जिसके बाद केंद्र ने मंजूरी दी है। बीजेपी नेता सिद्धू ने कहा कि अगर पंजाब सरकार समय रहते रिपोर्ट भेजती तो किसानों को और पहले राहत मिल सकती थी और उन्हें कम परेशानी उठानी पड़ती। केंद्र सरकार ने किसानों को दी राहत राहुल सिंह सिद्धू ने बताया कि केंद्र सरकार ने गेहूं खरीद मानकों में पंजाब के किसानों को बड़ी राहत दी है। इसके तहत गेहूं की चमक में 70 प्रतिशत तक छूट दी गई है, जबकि टूटे और सिकुड़े दानों की सीमा 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दी गई है।


